पीएम मोदी ने 2014 से जो विष बोया है, वही अब बेल बनकर सामने आ रहा है : सुप्रियो भट्टाचार्य
रांची : राहुल गांधी के वोटर अधिकार यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी माता के खिलाफ कथित अपशब्दों की बयानबाजी को लेकर देशभर में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। भाजपा कांग्रेस और विपक्ष पर लगातार हमलावर है। इसी बीच बुधवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने प्रेस वार्ता कर भाजपा पर पलटवार किया।
भट्टाचार्य ने कहा कि 2014 से ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा नेताओं ने देशभर में महिलाओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियां करनी शुरू कर दी थीं। ऐसे में भाजपा को सबसे पहले देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “आम की गुठली बोएंगे तो बबूल ही आएगा। मोदी जी ने 2014 से जो विष बोया है, वही अब बेल बनकर सामने आ रहा है।”
उन्होंने साफ किया कि राहुल गांधी ने किसी तरह के अपशब्द नहीं कहे हैं, लेकिन इस तरह की घटनाएं निंदनीय जरूर हैं। साथ ही कहा कि भाजपा नेताओं ने अतीत में विपक्ष और खासकर महिलाओं के प्रति अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया है, जिस पर आज भाजपा चुप्पी साध लेती है।
भट्टाचार्य ने राज्य कैबिनेट के फैसलों पर भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मंगलवार को हुई बैठक में विस्थापन और पुनर्वास से जुड़ा महत्वपूर्ण प्रस्ताव पास किया गया। यह 25 साल पुराना मुद्दा था, जिस पर अब जाकर हेमंत सोरेन सरकार ने ठोस पहल की है। कोयल कारो परियोजना के दौरान हजारों लोग विस्थापित हुए थे और कई जानें भी गई थीं। उस समय शिबू सोरेन ने संसद में यह मुद्दा उठाया था, जिसके बाद परियोजना बंद हुआ था।
इसके अलावा कैबिनेट ने तीन नई अकादमियों – साहित्य, संगीत और ललित कला – की स्थापना का फैसला लिया है। किसानों को भूमि का पट्टा देने तथा वन भूमि का हक आदिवासी-मूलवासी समुदाय को सौंपने का भी निर्णय हुआ है। भट्टाचार्य ने कहा कि यह कदम शिबू सोरेन की महाजनी प्रथा के खिलाफ लड़ाई को सच्ची श्रद्धांजलि है।
उन्होंने जानकारी दी कि गुरुजी को जो आवास मिला था, उसे अब गुरुमां को दिया जाएगा और उनकी स्मृति में एक संग्रहालय भी बनाने पर राज्य सरकार विचार कर रही है। वहीं बिहार चुनाव पर उन्होंने कहा कि गठबंधन के सभी दल मिलकर चुनाव लड़ेंगे और सीट बंटवारे पर जल्द ही सहमति बन जाएगी।



