अपनी ही सरकार पर क्यों भड़के विधायक राजेश कच्छप, प्रशासनिक फैसलों पर उठाए सवाल
रांची : झारखंड में हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार के भीतर असहजता के संकेत दिखने लगे हैं। कांग्रेस विधायक दल के उप नेता राजेश कच्छप ने अपनी ही सरकार की प्रशासनिक कार्यशैली और पुलिस अधिकारियों के तबादलों को लेकर खुलकर नाराजगी जताई है।
दरअसल, रांची के एसएसपी राकेश रंजन द्वारा हाल में कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से कई थाना प्रभारियों का तबादला किया गया है। इसी फैसले को लेकर विधायक राजेश कच्छप ने सवाल खड़े करते हुए कहा कि राज्य में आदिवासी अधिकारियों की लगातार उपेक्षा हो रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि योग्य और ईमानदार आदिवासी अधिकारियों को महत्वपूर्ण पदों से हटाकर लाइन में भेजा जा रहा है, जिससे प्रशासनिक स्थिरता प्रभावित हो रही है। कच्छप ने कहा कि लगातार तबादलों के कारण विकास कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं और स्थानीय स्तर पर असंतोष बढ़ रहा है।
विधायक ने थाना प्रभारियों की नियुक्ति प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि पोस्टिंग में पारदर्शिता का अभाव है और योग्य अधिकारियों को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि गलत प्रशासनिक फैसलों के कारण खिजरी समेत पूरे राज्य की जनता में नाराजगी बढ़ रही है।
राजेश कच्छप ने मुख्यमंत्री से मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि आदिवासी अधिकारियों के साथ न्याय नहीं हुआ और पोस्टिंग प्रक्रिया में सुधार नहीं किया गया, तो वे इस मुद्दे को सदन से लेकर सड़क तक जोरदार तरीके से उठाएंगे।



