फोरलेन से दौड़ेगा विकास का इंजन: भागलपुर-हंसडीहा सड़क को मिली उड़ान, 1836 करोड़ की सौगात!
भागलपुर। बिहार और झारखंड के बीच अब दूरी नहीं, सिर्फ रफ्तार होगी। केंद्र सरकार ने हरी झंडी दिखा दी है और अब शुरू होने जा रहा है एक ऐसा सफर, जो भागलपुर से लेकर बाबाधाम तक की राह को न सिर्फ आसान बनाएगा, बल्कि पूरे इलाके को विकास की पटरी पर दौड़ाएगा।
केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय ने 1836 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि मंज़ूर कर दी है, जिससे 65 किलोमीटर लंबी भागलपुर-हंसडीहा फोरलेन सड़क अब सपना नहीं, सच्चाई बनने जा रही है।
दो साल तक अधिग्रहण की उलझनों में फंसा यह प्रोजेक्ट अब खुले आसमान में सांस ले रहा है। योजना के मुताबिक, इस साल दिसंबर के अंत तक निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। मतलब, अब इंतज़ार नहीं, सिर्फ निर्माण की गूंज सुनाई देगी।
दो चरणों में पूरा होगा विकास का ये महायज्ञ
पहला चरण – अलीगंज बाइपास से ढाकामोड़ (खड़हरा) तक – 973 करोड़ रुपये की लागत से यह खंड तैयार होगा। दूसरा चरण – ढाकामोड़ से भलजोर (हंसडीहा) तक: 863 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
यात्रियों के लिए मिलेंगी ये खास सुविधाएं :
12 जगह बनेंगे आधुनिक बस स्टैंड और टॉयलेट ब्लॉक, 45 पुल-पुलिया व कल्वर्ट बनाए जाएंगे, जिससे जलजमाव और दुर्घटनाएं कम होंगी, ढाकामोड़ और पंजवारा रोड पर बनेंगे रेल ओवर ब्रिज (ROB), जगदीशपुर और पुरैनी में फ्लाईओवर, 3 मीटर डिवाइडर, 1-1 मीटर फुटपाथ, और टोल प्लाज़ा।
बाबाधाम की राह अब और आसान
देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम की तीर्थयात्रा करने वालों के लिए अब सफर होगा ज्यादा आरामदायक और सुरक्षित। श्रद्धालु अब कम समय में पहुंच सकेंगे बाबाधाम, वो भी फोरलेन की चौड़ी राहों से।
यह सड़क सिर्फ गाड़ियां नहीं, संभावनाओं को रफ्तार देगी। रोज़गार, पर्यटन, व्यापार और सामाजिक कनेक्टिविटी – सबकुछ बदलेगा इस एक प्रोजेक्ट से। भागलपुर, रजौन, पंजवारा, जगदीशपुर से लेकर हंसडीहा तक — हर गाँव, हर कस्बा अब सीधे जुड़ेगा विकास की मुख्यधारा से।



