बाढ़ राहत कार्य तेज़, ज़िला प्रशासन ने शुरू किया कम्युनिटी किचन और नाव सेवाएं, 4551 परिवारों को मिले पॉलिथीन शीट्स, 10813 लोगों को मिला भोजन
भागलपुर। ज़िला प्रशासन भागलपुर द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य तेज़ी से जारी है। प्रभावित परिवारों के लिए राहत शिविर, सामुदायिक रसोई और नाव सेवाओं की शुरुआत कर दी गई है, जिससे लोगों को काफी सहूलियत मिल रही है।
प्रशासन की ओर से विभिन्न राहत शिविरों में कुल 10813 लोगों को सुबह और शाम भोजन कराया गया। इनमें पुरुष, महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। सुल्तानगंज, नाथनगर, सबौर और विश्वविद्यालय क्षेत्र के विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों को राहत शिविरों में परिवर्तित किया गया है।
सुल्तानगंज के उर्दू मध्य विद्यालय घोरघाट में 1590, सरस्वती विद्या मंदिर गंगनिया में 1670, नवटोलिया कल्याणपुर स्कूल में 1350, और नाथनगर के चर्च मैदान सीटीएस में 1909 सहित अन्य स्थानों पर सामुदायिक किचन के माध्यम से भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
कम्युनिटी किचन की संख्या 47 तक पहुंची
बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए कुल 47 सामुदायिक किचन संचालित किए जा रहे हैं — नाथनगर में 25, सबौर में 03, सुल्तानगंज में 09, शाहकुंड में 05 और नारायणपुर में 05।
नावों से आवागमन की सुविधा
बाढ़ प्रभावित इलाकों में 61 नावें चलाई जा रही हैं ताकि लोगों को सुरक्षित आवाजाही की सुविधा मिल सके। नाथनगर में 9, सबौर में 8, सुल्तानगंज में 12, रंगराचक में 8, कहलगांव में 7, और अन्य प्रखंडों में नाव परिचालन हो रहा है।
4551 परिवारों को मिले पॉलिथीन शीट्स
प्रशासन द्वारा अस्थाई आवास के लिए 4551 परिवारों को पॉलिथीन शीट्स वितरित किए गए हैं। नाथनगर में 1000, सुल्तानगंज में 750, सबौर में 700, शाहकुंड में 196, रंगराचक में 150, इस्माइलपुर में 500 और नारायणपुर में 155 परिवारों को यह राहत सामग्री दी गई।
ठहराव और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध
नाथनगर क्षेत्र में महाशय ड्योढ़ी, टीएनबी कॉलेजिएट, चर्च मैदान सीटीएस, बाल निकेतन, विश्वविद्यालय और इवनिंग कॉलेज के पुराने परिसर को राहत शिविर के रूप में विकसित किया गया है। जगदीशपुर के लिए पॉलिटेक्निक कॉलेज में अस्थायी ठहराव की व्यवस्था की गई है। इन स्थलों पर अस्थाई शौचालय, चापाकल, पानी के टैंकर, सामुदायिक रसोई, पशुचारा आदि की समुचित व्यवस्था की गई है।



