लैंड फॉर जॉब मामले में आरोप तय, लालू परिवार की बढ़ीं मुश्किलें
पटना: नौकरी के बदले जमीन घोटाला मामले में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) प्रमुख लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार की कानूनी परेशानियां और बढ़ गई हैं। दिल्ली स्थित राउज एवेन्यू कोर्ट ने इस बहुचर्चित मामले में लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, मीसा भारती, तेजस्वी यादव, तेज प्रताप यादव समेत कुल 40 आरोपियों पर आरोप तय कर दिए हैं। कोर्ट के इस फैसले के बाद अब मामले में नियमित सुनवाई की प्रक्रिया शुरू होगी।
यह मामला उस समय का है, जब लालू प्रसाद यादव केंद्र सरकार में रेल मंत्री थे। आरोप है कि रेलवे में ग्रुप-डी समेत अन्य पदों पर नौकरी दिलाने के बदले उम्मीदवारों से जमीन अपने या अपने परिजनों के नाम कराई गई। जांच एजेंसियों का दावा है कि यह प्रक्रिया योजनाबद्ध तरीके से की गई और इसमें परिवार के कई सदस्यों की भूमिका रही।
अदालत ने अपने आदेश में कहा कि प्रथम दृष्टया यह मामला गंभीर और संगठित अपराध का प्रतीक है। कोर्ट के अनुसार उपलब्ध दस्तावेज, गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्य आरोप तय करने के लिए पर्याप्त हैं। इसी आधार पर अदालत ने सभी आरोपियों के खिलाफ मुकदमा चलाने की अनुमति प्रदान की।
कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई की तिथि 29 जनवरी तय की है। इस फैसले को राजद के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। वहीं, राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर हलचल तेज हो गई है और पक्ष–विपक्ष की ओर से तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।



