जमशेदपुर में दो फ्लैटों में चल रहा था धर्मांतरण,पुलिस ने की छापेमारी
रांची: झारखंड का लोहनगरी जमशेदपुर के गोलमुरी थाना क्षेत्र में धर्मांतरण से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है, जिससे पूरे शहर में हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार, इलाके के दो फ्लैटों में गुपचुप तरीके से करीब 70 लोगों का धर्मांतरण करवाया जा रहा था। इस पूरी गतिविधि का संचालन एक संगठित नेटवर्क द्वारा किया जा रहा था, जिसमें झारखंड के चाईबासा और सरायकेला के अलावा ओड़िशा और पश्चिम बंगाल से भी विशेष समुदाय के लोग शामिल थे।
स्थानीय लोगों को इस संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिली, जिसके बाद हिंदू संगठनों ने जोरदार विरोध दर्ज कराया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मौके पर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस ने सात लोगों को हिरासत में लिया और उन्हें पूछताछ के लिए थाने ले जाया गया।
चौंकाने वाली बात यह है कि इस धर्मांतरण प्रक्रिया में बड़ी संख्या में नाबालिग बच्चों को भी शामिल किया गया था। बताया जा रहा है कि इन बच्चों और अन्य लोगों को झूठे प्रलोभनों, आर्थिक मदद और बेहतर जीवनशैली के नाम पर बहलाया-फुसलाया गया था।
स्थानीय निवासियों के अनुसार, यह काम लंबे समय से गुप्त रूप से चल रहा था, जिसकी भनक अब जाकर लगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और इसमें शामिल अन्य लोगों की तलाश जारी है।
जमशेदपुर में हुए इस खुलासे ने प्रशासन और समाज दोनों को झकझोर कर रख दिया है। यह मामला राज्य में धर्मांतरण से जुड़े नेटवर्क की जड़ों को उजागर करता है, जिसे अब सख्ती से रोकने की मांग उठ रही है।



