पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों पर कांग्रेस का प्रहार, आलोक कुमार दूबे बोले – “मोदी सरकार जनता से किस्तों में वसूली कर रही है
रांची : पेट्रोल और डीजल की कीमतों में महज पांच दिनों के भीतर लगातार दूसरी बार हुई बढ़ोतरी को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार अंतरराष्ट्रीय हालात और तेल सेटलमेंट का बहाना बनाकर लगातार आम जनता की जेब काट रही है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में केंद्र सरकार ने पेट्रोलियम पदार्थों पर एक्साइज ड्यूटी और टैक्स के जरिए लाखों करोड़ रुपये की वसूली की है, लेकिन राहत देने के नाम पर केवल दिखावटी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ने का सबसे बड़ा कारण केंद्र सरकार की टैक्स नीति है।
उन्होंने कहा कि देश के कई शहरों में पेट्रोल 100 रुपये प्रति लीटर के आसपास पहुंच चुका है, जबकि डीजल भी लगातार महंगा हो रहा है। इसका सीधा असर मालभाड़ा, खेती-किसानी और रोजमर्रा की वस्तुओं पर पड़ रहा है। ट्रांसपोर्ट लागत बढ़ने से सब्जी, फल, दूध, खाद्यान्न, दवा और निर्माण सामग्री तक की कीमतों में तेजी आना तय है।
आलोक कुमार दूबे ने आक्रामक अंदाज में कहा, “मोदी सरकार जनता से एकमुश्त नहीं बल्कि किस्तों में वसूली कर रही है। पहले कुछ पैसे बढ़ाए जाते हैं, फिर थोड़ी राहत का भ्रम पैदा किया जाता है और उसके बाद दोबारा दाम बढ़ा दिए जाते हैं। यह सीधे-सीधे जनता के साथ आर्थिक धोखा है।”
उन्होंने कहा कि बेरोजगारी और महंगाई से परेशान आम आदमी की आय लगातार घट रही है, लेकिन सरकार कॉरपोरेट घरानों को फायदा पहुंचाने में लगी हुई है। कांग्रेस नेता ने दावा किया कि पेट्रोल-डीजल की कीमतों में हर एक रुपये की बढ़ोतरी से परिवहन लागत में बड़ा असर पड़ता है, जिससे बाजार में लगभग हर वस्तु महंगी हो जाती है।
उन्होंने केंद्र सरकार से पेट्रोलियम पदार्थों को जीएसटी के दायरे में लाने, एक्साइज ड्यूटी कम करने और आम जनता को राहत देने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी वापस नहीं ली गई तो कांग्रेस सड़क से सदन तक बड़ा आंदोलन चलाएगी।



