कांग्रेस का चुनाव आयोग पर हमला — कहा, एजेंसी बनकर काम करेगी तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा
गणादेश,रांची : झारखंड में चुनाव आयोग जल्द ही एसआईआर अभियान शुरू करने जा रहा है, लेकिन इस पर कांग्रेस ने गंभीर आपत्ति जताई है। मंगलवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा कि कांग्रेस पार्टी लोकतंत्र की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यदि चुनाव आयोग केंद्र सरकार की एजेंसी बनकर कार्य करेगा, तो कांग्रेस इसे हर स्तर पर चुनौती देगी।
उन्होंने कहा कि झारखंड में हर पात्र मतदाता का नाम मतदाता सूची में शामिल रहना चाहिए। किसी का नाम जानबूझकर हटाया गया तो कांग्रेस इसे बर्दाश्त नहीं करेगी। इसके लिए पार्टी “लोकतंत्र बचाओ अभियान” चलाएगी और हर बूथ पर अपने कार्यकर्ताओं की निगरानी टीम नियुक्त करेगी, ताकि मतदाता सूची के संशोधन कार्य में किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस झारखंड में “वोट की चोरी” नहीं होने देगी और चुनाव आयोग को एक निष्पक्ष प्रहरी की तरह काम करना चाहिए, न कि किसी सत्तारूढ़ दल की सहयोगी एजेंसी के रूप में।
प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि एक विशेष दल को लाभ पहुंचाने के लिए चुनाव आयोग के कुछ निर्णय पक्षपाती प्रतीत हो रहे हैं, लेकिन कांग्रेस अपने बूथ लेवल अधिकारियों के माध्यम से इस साजिश को सफल नहीं होने देगी।
वहीं कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने कहा कि झारखंड में झामुमो, कांग्रेस, राजद और भाकपा माले के बीच गठबंधन पूरी तरह मजबूत और एकजुट है। उन्होंने कहा कि “जब लक्ष्य बड़ा होता है तो कभी-कभी छोटे स्वार्थ सामने आ जाते हैं, लेकिन इससे गठबंधन की एकजुटता प्रभावित नहीं होती।”
उन्होंने आगे कहा कि “कांग्रेस मजबूत होगी तो देश मजबूत होगा।” देश की एकता, अखंडता, धर्मनिरपेक्षता और संविधान की रक्षा कांग्रेस की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि तमाम सेक्युलर दलों को एक मंच पर लाने के उद्देश्य से यूपीए का गठन हुआ था, जिसने कई राज्यों में सांप्रदायिक ताकतों को पराजित किया है। यही भावना झारखंड के महागठबंधन को भी मजबूती दे रही है।



