डीपीएस बोकारो के यंग इनोवेटर्स ने रचा कीर्तिमान
बोकारो। वैज्ञानिक नवाचार की कड़ी में दिल्ली पब्लिक स्कूल बोकारो के हुनरमंद और मेधावी विद्यार्थियों ने एक नया कीर्तिमान रच दिया है। विद्यालय के यंग इनोवेटर्स के दो अहम प्रोजेक्ट- मल्टीटास्किंग रोबोट और इंफ्रैक्टो अब जल्द ही स्टार्टअप का रूप लेंगे। आनेवाले समय में ये दोनों परियोजनाएं पेटेंट हो सकेंगी तथा धरातल पर उतरकर लोगों के लिए उपयोगी साधन के रूप में तैयार हो पाएंगी। झारखंड में पहली बार एनआईटी, जमशेदपुर की मदद से इस प्रकार के इनोवेटिव आइडिया स्टार्टअप का रूप ले सकेंगे। भारत के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) की निधि पहल के अंतर्गत आईटीबीआई (समावेशी प्रौद्योगिकी व्यवसाय इनक्यूबेटर) कार्यक्रम के तहत इन दोनों परियोजनाओं को अब पूरा किया जा सकेगा। इन्हें पूरा करने के लिए एनआईटी (नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी), जमशेदपुर के आईटीबीआई कार्यक्रम के तहत तीन से सात लाख रुपए तक की अनुमानित राशि से भी अधिक वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। यही नहीं, वहां के मेंटर्स प्रोजेक्ट को मूर्त रूप देने में छात्रों की मदद करेंगे तथा अपने आइडिया भी देंगे। इसके लिए जल्द ही डीपीएस बोकारो एनआईटी जमशेदपुर के साथ एक एकरारनामे (एमओयू) पर हस्ताक्षर करेगा। सेंटर फॉर इनोवेशन एंड इंक्यूबेशन काउंसिल (सीआईआईसी), एनआईटी जमशेदपुर ने इस आशय का आधिकारिक पत्र विद्यालय के साथ-साथ प्रोजेक्ट पूरा करने वाले विद्यार्थियों को भी प्रेषित किया है।गौरतलब है कि गत माह एनआईटी जमशेदपुर में इंडस्ट्री एकेडमिया कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया था। इसमें डीपीएस बोकारो की 11वीं कक्षा के छात्र प्रियम हरनंदका, शौर्य प्रताप और अनिकेत सिंह के साझा नवोन्मेषी प्रोजेक्ट इंफ्रैक्टो तथा आठवीं कक्षा के छात्र सरित चक्रवर्ती की परियोजना मल्टीटास्किंग ह्यूमनॉइड रोबोट- नोवासेपियन ने सबकी भरपूर सराहना पाई। एनआईटी जमशेदपुर की ओर से उक्त कॉन्क्लेव में प्रतिभागी कुल पांच प्रोजेक्ट पूरे झारखंड से चुने गए। इनमें दो अकेले डीपीएस बोकारो के प्रोजेक्ट शामिल रहे। एनआईटी की ओर से बोकारो सहित पूरे राज्य में पहली बार इस प्रकार किसी नवोन्मेषी प्रोजेक्ट को वित्तपोषित किया जा रहा है। इस वित्तीय सहायता से बच्चे प्रोजेक्ट को विकसित कर प्रोटोटाइप बना सकेंगे, उनका परीक्षण हो सकेगा तथा आईटीबीआई एनआईटी जमशेदपुर के मार्गदर्शन में मेंटरिंग सहायता मिलेगी। इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर बुधवार को विद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने चयनित विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए अपनी बधाई व शुभकामनाएं दीं।



