बीएसएल में सौर ऊर्जा पर दो दिवसीय सम्मेलन का आयोजन
बोकारो -बोकारो इस्पात संयंत्र में आगामी सौर ऊर्जा परियोजनाओं की योजना, विकास तथा उनके प्रभावी एवं समयबद्ध कार्यान्वयन पर व्यापक विचार-विमर्श के उद्देश्य से परियोजना विभाग स्थित अधिशासी निदेशक कॉन्फ्रेंस हॉल में दो दिवसीय सौर ऊर्जा सम्मेलन का आयोजन किया गया।सम्मेलन का प्रमुख उद्देश्य रचनात्मक एवं सकारात्मक संवाद के माध्यम से सौर ऊर्जा परियोजनाओं के सुचारु कार्यान्वयन को सुनिश्चित करना रहा।सम्मेलन का उद्घाटन मुख्य महाप्रबंधक (परियोजनाएँ) अनिमा कुशवाहा एवं मुख्य महाप्रबंधक (डीएनडब्ल्यू) डी. भंजा द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।इस अवसर पर मुख्य महाप्रबंधक (नगर सेवाएँ) कुंदन कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (एसएलसीसी) श्रीनिवास त्रिपाठी, मुख्य महाप्रबंधक (सीईटी–बोकारो उप-केंद्र) एस. पी. दास सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।परियोजना विभाग, डीएनडब्ल्यू, सीईटी एवं टीए के अधिकारियों ने सम्मेलन में सहभागिता निभाते हुए इस महत्त्वपूर्ण पहल हेतु अपनाए गए अंतर-विभागीय एवं समन्वित दृष्टिकोण को रेखांकित किया। सम्मेलन के दौरान सीईटी के आर. के. गुप्ता द्वारा परियोजना प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया, जिसमें सौर ऊर्जा परियोजनाओं से संबंधित प्रमुख तकनीकी, परिचालन एवं व्यावहारिक पहलुओं पर विस्तृत जानकारी साझा की गई।सम्मेलन में सौर ऊर्जा क्षेत्र की प्रतिष्ठित कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी सहभागिता की। इनमें एनफिनिटी ग्लोबल, एम्पिन एनर्जी ट्रांज़िशन प्राइवेट लिमिटेड, स्विचिंग एवीओ इलेक्ट्रोपावर लिमिटेड, जैकसन ग्रीन लिमिटेड, फ्लोटेक्स सोलर प्राइवेट लिमिटेड (दुबई), रवि सोलर, एनवियो इन्फ्रा तथा साइफर क्यूब्स (प्रा.) लिमिटेड शामिल रहीं. संबंधित कंपनियों के प्रतिनिधियों ने परियोजना निष्पादन एवं दृष्टिकोण पर अपने विचार साझा किए।साथ ही, शहर क्षेत्र में प्रस्तावित लगभग 50 मेगावाट क्षमता के सौर ऊर्जा उत्पादन संयंत्रों के संभावित स्थलों का भ्रमण भी किया गया।कार्यक्रम के दौरान परियोजना कार्यान्वयन की रणनीतियों, प्रक्रियाओं, तकनीकी आवश्यकताओं, समय-सीमा निर्धारण तथा अंतर-विभागीय समन्वय से जुड़े विभिन्न विषयों पर व्यापक एवं सकारात्मक चर्चा हुई।यह सम्मेलन नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में बोकारो इस्पात संयंत्र की प्रतिबद्धता को और अधिक सुदृढ़ करने के साथ-साथ सतत विकास के लक्ष्य की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण पहल है।



