पर्यावरण को प्राथमिकता देने से ही प्रकृति का संतुलन बना रहेगा: सतीश चंद्र दुबे
रांची : केंद्रीय कोयला राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने कहा कि पर्यावरण को प्राथमिकता देने से ही प्रकृति का संतुलन बना रहेगा। शुक्रवार को होटल बीएनआर चाणक्या में अबुआ अधिकार मंच द्वारा आयोजित सेमिनार-सह-साझा संवाद कार्यक्रम में उन्होंने लोगों से पेड़ लगाने और उन्हें संरक्षित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की “एक पेड़ मां के नाम” मुहिम का सकारात्मक प्रभाव दिख रहा है।
कार्यक्रम में प्रसिद्ध पर्यावरणविद् और जलपुरुष राजेंद्र सिंह ने झारखंड में बढ़ते पर्यावरण और जल संकट पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि राज्य पिछले दो दशकों में सूखा और बाढ़ जैसी समस्याओं से लगातार प्रभावित हो रहा है तथा भूजल भंडार तेजी से खाली हो रहे हैं। उन्होंने वर्षा जल संरक्षण, छोटे बांध निर्माण और “पानी पंचायत” के गठन पर जोर दिया।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बंद पड़ी 147 कोल खदानों की जमीन रैयतों को सौंपने की प्रक्रिया चल रही है। साथ ही खुली खदानों की जमीन पर आम और कटहल के पौधे लगाने तथा खदानों के पानी में मत्स्य पालन और मखाना उत्पादन की योजना पर काम किया जा रहा है।
सेमिनार में रामकृष्ण आश्रम सहित विभिन्न संस्थानों के शिक्षाविद, पर्यावरणविद, जनप्रतिनिधि और छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण और जल प्रबंधन को जनआंदोलन बनाने का आह्वान किया गया।



