भगवान कृष्ण के बाल लीलाओं का वर्णन अविस्मरणीय: दयानंद *सरस्वती
अनूप कुमार सिंह,पटना/आरा।भोजपुर जिले अंतर्गत चरपोखरी प्रखंड के श्री लक्ष्मी नारायण तोताद्री मठ, सोनबरसा में इन दिनों धार्मिक आस्था का भव्य संगम देखने को मिल रहा है!जहां लक्ष्मी नारायण महायज्ञ व श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन पूरे श्रद्धा व भक्तिमय वातावरण में किया जा रहा है। गौरतलब हो कि उक्त
पावन अवसर पर स्वामी दयानंद सरस्वती द्वारा कथा प्रवचन किया जा रहा है। पूज्य स्वामी जी अपने वाणी से श्रद्धालुओं को भगवान की भक्ति में सराबोर कर रहे हैं। कथा के दौरान भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन किया जा रहा है। जिसे सुनकर श्रद्धालु मंत्रमुग्ध हो रहे हैं। बाल लीलाओं का वर्णन करते हुए स्वामी दयानंद सरस्वती ने कहा कि जब-जब धरती पर अधर्म बढ़ता है! तब तक भगवान अवतार लेते हैं! द्वापर युग में भगवान श्री कृष्ण ने गोकुल में बाल अवतार लिया। उन्होंने अपने भक्तों की सदैव रक्षा की। उन्होंने नन्हे से श्रीहरि के नारायण के कृष्ण रूप का वर्णन करते हुए कहा कि जिनकी हर अदा अद्भुत व निराली थी। उनके हर मुस्कान में पूरा ब्रह्मांड समाया हुआ था। कान्हा गोकुल की गलियों में जाते थे, तो गोपियों के घर में माखन चुरा कर अपने बाल शाखों के साथ मिलकर खाते थे वही गोपियां जब शिकायत लेकर माता यशोदा के पास जाती तो अपनी मासूम मुस्कान दिखाकर सबके गुस्सा को प्रेम में बदल देते थे।वहीं उनके बाल लीलाएं अपरंपार है।जब एक दिन माता यशोदा ने देखा कि कान्हा मिट्टी खा रहे हैं! उन्होंने उनका मुंह खुलवाने के लिए बोली! जैसे ही गिरधर गोपाल ने अपना मुंह खोला? यशोदा माता ने उसमें पूरा ब्रह्मांड देख लिया!वही इस बाल भगवान को परेशान करने के लिए कंस हमेशा अपने दूत को भेजा करता था !लेकिन दुष्ट कंस का एक भी प्रयास सफल नहीं हो पता था! और हंसते खेलते नन्हे भगवान श्री कृष्णा उसको क्षण भर में समाप्त कर देते थे! श्री त्रिदंडी स्वामी जी महाराज के 38 वें पूर्ण स्मृति में चल रहा
यह संपूर्ण धार्मिक कार्यक्रम श्री रंगनाथाचार्य जी महाराज के मंगलानुशासन में संपन्न हो रहा है। जिनके सान्निध्य से आयोजन में भक्तिमय वातावरण छा गया है।
आसपास के गांवों व क्षेत्रों से हजारों की संख्या में श्रद्धालु भक्त कथा श्रवण और यज्ञ में भाग लेने पहुंच रहे हैं। पूरा इलाका भक्ति व श्रद्धा के माहौल में डूबा हुआ है।जहां हर ओर जय-जयकार व भजन-कीर्तन की ध्वनि गूंज रही है। हजारों की संख्या में आसपास के श्रद्धालु भक्त भगवत कथा को सुनने के लिए पहुंच रहे हैं। वहीं रोज भक्तों के बीच प्रसाद वितरण से लेकर भंडारे का आयोजन किया गया है।जिसमें लोग विधिवत रूप से प्रसाद ग्रहण कर रहे हैं। उक्त आशय की जानकारी आयोजन समिति के मीडिया प्रभारी चंदन कुमार ने दी



