बच्चों को कराटे पदक विजेता बनाना हमारा लक्ष्य: प्राचार्य
पतरातू प्रखण्ड के दर्जनों स्कूलों में इन दिनों बच्चों को आत्मरक्षा के गुर सीखा कर उन्हें मजबूत बनाया जा रहा है। खास कर बच्चियों को मार्शल आर्ट कराटे का विशेष प्रशिक्षण दे कर उन्हें बदमासो से अपनी रक्षा करना सिखाया जा रहा है। इसी क्रम में
साँकुल रोड स्थित सरस्वती शिशु विद्या मंदिर पतरातु में लगातार दिया जा रहा है कराटे का प्रशिक्षण। मॉडर्न मार्शल आर्ट्स कराटे डो फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वाधान में सेंसी विकास पाठक की देखरेख में कराटे का विधिवत प्रशिक्षण लगातार दिया जा रहा है। जिसे सारे छात्र छात्राएं बड़े ही मनोयोग और लगन से सीख रहे हैं। सीखने वालों का कहना है कि यदि हम मेहनत में कमी करेंगे तो एक अच्छे कराटेकार कैसे बनेंगे। इसलिए हम पूरी ईमानदारी से मेहनत कर रहे हैं ताकि भविष्य में आत्मरक्षा हेतु हमें किसी पर आश्रित नहीं रहना पड़े और यदि मौका मिला तो हम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता बनकर अपने स्कूल एवं क्षेत्र का नाम रोशन करें। प्रशिक्षण देने में सीनियर ब्लैक बेल्ट प्रशिक्षिका सुमित्रा एवं राजश्री ने अपना अहम योगदान दिया। वही स्कूल के प्रधानाचार्य उपेंद्र पांडे का कहना है कि अभिभावकों एवं छात्रों पर अतिरिक्त शुल्क का बोझ ना देते हुए स्कूल अपनी ओर से बच्चों को कराटे जैसी महान कला सिखाने के लिए दृढ़ संकल्पित है। ताकि इनका भविष्य उज्जवल हो सके।

