अब पंचायत स्तर पर भी दवा की दुकानें खुलेंगी: सीएम
रांचीः : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य के युवाओं के लिए एक बड़ा ऐलान किया है. सीएम ने कहा कि अब पंचायत स्तर पर भी दवा की दुकानें खुलेंगी, ताकि लोगों को दवा के लिए दूरदराज के इलाकों में जाना नहीं पड़ेगा. उन्होंने कहा कि पहले दवा दुकान खोलने के लिए फार्मासिस्ट की डिग्री होनी चाहिए थी, लेकिन अब इसकी जरूरत नहीं है. अब पढ़े-लिखे युवा भी दवा दुकान खोल सकते हैं राजधानी रांची के नगड़ा टोली स्थित आईटीआई कौशल कॉलेज परिसर में नियुक्ति पत्र वितरण समारोह के दौरान संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले दवा दुकान खोलने के लिए फार्मासिस्ट की डिग्री होनी चाहिए थी, लेकिन अब जब दवा के डब्बे में ही सबकुछ लिखा हुआ है, तो डिग्री की क्या जरूरत है. कहा कि जिसे पढ़ना-लिखना आता हो वो भी दवा दुकान खोल सकते हैे. कहा कि गांव या पंचायत में जो दवा दुकान चला रहे हैं, उसके लिए ऑनलाइन डॉक्टरों से संपर्क करने की सुविधा भी उपलब्ध करायी जाएगी. अभी तक 30 हजार युवाओं को रोजगार से जोड़ा गया है. झारखंड प्रदेश देश के अत्यंत पिछड़े राज्य में से एक है और इस राज्य में 80 प्रतिशत लोग ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करते हैं. जीविका के लिए कई चुनौतियां इस राज्य के साथ जुड़ा हुआ है. गरीबी भी बड़े पैमाने पर है. जब हमने राज्य को अपने हाथ में संभाला उसी समय से हमारी सोच रही है कि आर्थिक आमदनी में कैसे बढ़ोतरी हो और कैसे इसका रास्ता निकाला जाए. कहा कि 15 लाख से अधिक लोग रोजगार की तलाश में बाहर जाते हैं. अच्छी आमदनी के लिए यहां के लोगों का पलानयन होता है. लेकिन, राज्य सरकार इन युवाओं को बाहर ना जाकर अपने यहां ही बेहतर कार्य उपलब्ध कराने को प्रयासरत है. उन्होंने कहा कि राज्य को बेहतर स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराने के लिए एयर एंबुलेंस की शुरुआत हुई. जल्द ही चेन्नई के अपोलो अस्पताल का एक नया भवन अस्पताल यहां शुरू होगा. अजीम प्रेमजी से बात हो रही है. जल्द ही नये कॉलेज और नर्सिंग अस्पताल शुरू होंगे. कहा कि आज हजारों बच्चियां नर्सिंग की कोर्सेस लेकर तैयार है. नर्सिंग का कोर्स सिर्फ लड़कियां ही नहीं करेंगी, बल्कि लड़के भी कर सकेंगे. इस पर पहल की जायेगी. बहुत जल्द इस पर काम किया जाएगा. स्थानीय संस्थाओं में 75% और 40 हजार से कम वेतनमान वाले स्थानीय लोगों को रखने की बात हम कर रहे हैं.

