लोहरदगा हत्याकांड का 7 घंटे में खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार; शव के टुकड़े कर खदान और जंगल में फेंका
रांची : लोहरदगा पुलिस ने एक सनसनीखेज हत्याकांड का महज सात घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर मृतक के शव के शेष हिस्से और हत्या में प्रयुक्त हेक्सा ब्लेड (फ्रेम सहित) भी बरामद कर लिया है।
पुलिस के अनुसार, 7 जुलाई की दोपहर करीब 1:30 बजे सूचना मिली कि ओयना टोंगरी स्थित बंद पत्थर खदान के पानी में एक बोरे में किसी व्यक्ति का शव पड़ा है। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी एवं पुलिस टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान बोरे से एक अज्ञात व्यक्ति का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ, जिसमें सिर और दोनों पैर अलग थे। शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, लोहरदगा भेजा गया तथा पहचान के लिए फोटो मीडिया और स्थानीय समाचार माध्यमों को उपलब्ध कराए गए।
बाद में शव की पहचान न्यू आजाद बस्ती निवासी हुसैन अंसारी के रूप में हुई। मृतक के पिता के फर्दबयान पर लोहरदगा थाना में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या और साक्ष्य छिपाने का मामला दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी एवं मानवीय सूचना के आधार पर लगातार छापेमारी करते हुए सात घंटे के भीतर मामले का खुलासा कर अरमान खान (22) और मो. सहवाज अहमद उर्फ राज (25) को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि 4 जुलाई की रात दुर्गाबाड़ी लेन स्थित एक घर में हुसैन अंसारी की पीट-पीटकर हत्या की गई। इसके बाद हेक्सा ब्लेड से शव के कई टुकड़े किए गए और उन्हें ओयना टोंगरी की बंद पत्थर खदान तथा आसपास के जंगल-झाड़ियों में फेंक दिया गया, ताकि साक्ष्य मिटाए जा सकें।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर शव के शेष अंग और हत्या में प्रयुक्त सामग्री बरामद कर ली है। मामले में आगे की जांच जारी है।


