भाजपा ने कांग्रेस प्रदेश कार्यालय का किया घेराव, भर्ती घोटालों की CBI जांच और युवाओं को न्याय देने की उठाई मांग
रांची: भारतीय जनता पार्टी ने बुधवार को प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद आदित्य साहू के नेतृत्व में झारखंड प्रदेश कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर राज्य की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के मुद्दे पर कांग्रेस से जवाब मांगा। इस दौरान भाजपा नेताओं ने JPSC, JSSC-CGL, उत्पाद सिपाही भर्ती और शिक्षक नियुक्ति सहित विभिन्न भर्ती प्रक्रियाओं में कथित धांधली का आरोप लगाते हुए सभी विवादित मामलों की CBI जांच कराने की मांग की।
सभा को संबोधित करते हुए आदित्य साहू ने कहा कि पिछले छह वर्षों से कांग्रेस के समर्थन वाली सरकार के कार्यकाल में लगभग हर बड़ी भर्ती परीक्षा विवादों में रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि लाखों युवाओं ने कड़ी मेहनत से परीक्षाएं दीं, लेकिन बार-बार सामने आई अनियमितताओं ने उनके भविष्य को संकट में डाल दिया। उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं को न्याय दिलाने और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया सुनिश्चित करने में विफल रही है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि यदि सरकार ईमानदार है तो उसे CBI जांच से डरने की आवश्यकता नहीं होनी चाहिए। उन्होंने 14वीं JPSC परीक्षा सहित सभी विवादित भर्ती परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि भाजपा युवाओं के अधिकारों की लड़ाई सड़क से सदन तक जारी रखेगी।
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि पिछले छह वर्षों में JPSC और JSSC जैसी संस्थाएं भ्रष्टाचार का केंद्र बन गई हैं। उन्होंने कहा कि पेपर लीक और भर्ती घोटालों ने लाखों युवाओं के सपनों को तोड़ा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि JPSC मामले में चल रही CID जांच केवल औपचारिकता बनकर रह गई है और वास्तविक दोषियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है।
मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में भ्रष्टाचार व्यवस्था का हिस्सा बन चुका है। उन्होंने मांग की कि JPSC से जुड़े पूरे प्रकरण, JSSC भर्ती विवादों तथा तत्कालीन JPSC अध्यक्ष के कार्यकाल में हुई नियुक्तियों और निर्णयों की जांच CBI को सौंपी जाए, ताकि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो सके।
कार्यक्रम में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश, रविंद्र राय, सीपी सिंह, प्रतुल शाहदेव, शशांक राज सहित भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और हजारों की संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


