छात्रों की आवाज़ का सम्मान जरूरी, लेकिन आंदोलन में सौहार्द और संयम भी उतना ही महत्वपूर्ण: राकेश सिन्हा
रांची: झारखंड में चल रहे छात्र आंदोलन के प्रति कांग्रेस पार्टी पूरी तरह संवेदनशील है और छात्रों की न्यायसंगत मांगों के साथ मजबूती से खड़ी है। लोकतंत्र में छात्रों को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराने का पूरा अधिकार है। सरकार को भी छात्रों की मांगों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनना चाहिए।
झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने कहा कि छात्रों की आवाज का सम्मान जरूरी है, लेकिन आंदोलन के दौरान सौहार्द, संयम और लोकतांत्रिक मर्यादा बनाए रखना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। किसी भी परिस्थिति में हिंसा या टकराव की स्थिति उत्पन्न नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि छात्रों को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस पार्टी और झारखंड सरकार दोनों ही संवेदनशील हैं। ऐसे में सरकार की मंशा पर संदेह करना उचित नहीं है। अभी उच्च न्यायालय का पूरा फैसला सामने नहीं आया है। राज्य सरकार न्यायालय के समक्ष अपना पक्ष मजबूती से रखेगी और छात्रों के हितों की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास करेगी।
राकेश सिन्हा ने कहा कि कांग्रेस छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों के साथ है और उनकी न्यायसंगत मांगों के समाधान के लिए सरकार से सकारात्मक संवाद एवं त्वरित पहल की अपेक्षा करती है। सरकार और छात्रों के बीच संवाद से ही इस पूरे मामले का शांतिपूर्ण और न्यायपूर्ण समाधान निकाला जा सकता है।
उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखें तथा किसी भी प्रकार के उकसावे या राजनीतिक एजेंडे का हिस्सा न बनें। छात्रों का भविष्य किसी भी राजनीतिक संघर्ष से बड़ा है।
उन्होंने कहा कि छात्रों को किसी ऐसे राजनीतिक दल के एजेंडे में नहीं फंसना चाहिए, जिसका उद्देश्य छात्र हितों के बजाय सरकार विरोध की राजनीति करना हो। कांग्रेस छात्रों की आवाज के साथ खड़ी है और उनके भविष्य एवं न्यायसंगत अधिकारों की रक्षा के लिए हर लोकतांत्रिक प्रयास का समर्थन करेगी।


