31 साल बाद श्रृंगेरी शंकराचार्य का दिल्ली आगमन!धर्म विजय यात्रा 2025 का शुभारंभ
पटना/दिल्ली।राजधानी दिल्ली एक ऐतिहासिक आध्यात्मिक क्षण की साक्षी बनी!जब दक्षिणाम्नाय श्री शारदापीठम्, श्रृंगेरी के 37वें पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य श्री श्री विधुशेखर भारती महास्वामीजी धर्म विजय यात्रा 2025 के दिल्ली चरण का शुभारंभ करने पहुंचे।आचार्य श्री का आगमन शनिवार को हुआ!इसके साथ ही उनकी 22 दिवसीय आध्यात्मिक यात्रा प्रारंभ हुई! जो 30 नवंबर 2025 तक चलेगी। इसके उपरांत वे वृंदावन व मथुरा में तीन दिनों के प्रवास के बाद श्रृंगेरी के लिए प्रस्थान करेंगे।दिल्ली प्रवास के दौरान वे शंकर विद्या केंद्र में 12 दिनों तक रहेंगे।जहां प्रतिदिन चंद्रमौलीश्वर पूजा होगी। इस पूजा का आयोजन एनसीआर क्षेत्र के चार अन्य स्थलों पर भी किया जाएगा। शंकर विद्या केंद्र वह पवित्र स्थल है। जिसे पूर्ववर्ती श्रृंगेरी पीठाधीश्वरों की उपस्थिति का सौभाग्य मिला है। यह यात्रा अत्यंत महत्वपूर्ण है। क्योंकि श्रृंगेरी से कोई शंकराचार्य 31 वर्षों के बाद शंकर विद्या केंद्र में पधार रहे हैं। जिससे यह अवसर दिल्ली-एनसीआर के सनातन धर्म के भक्तों और अनुयायियों के लिए और अधिक महत्वपूर्ण बन जाता है।धर्म विजय यात्रा का उद्देश्य सनातन धर्म, आध्यात्मिक जागरूकता, शांति व सांस्कृतिक एकता का संदेश फैलाना है।जिससे दिल्ली भर के भक्तों को जगद्गुरु का आशीर्वाद प्राप्त करने और चंद्रमौलीश्वर पूजा की प्राचीन परंपरा का साक्षी बनने का दुर्लभ अवसर प्राप्त हो। यह यात्रा न केवल तीन दशकों के बाद एक आध्यात्मिक विरासत को पुनर्जीवित करती है। बल्कि भारत की सबसे प्रतिष्ठित मठवासी परंपराओं में से एक के साथ दिल्ली के संबंध को भी मजबूत करती है।



