जाम में नहीं फंसे हैं… जाम हटवा रहे हैं! NH-80 के महाजाम में पैदल चलते दिखे विधायक पवन यादव, वीडियो वायरल
प्रदीप विद्रोही,भागलपुर: एनएच-80 अब सड़क कम, जाम की विरासत ज़्यादा लगने लगी है। कहलगांव से घोघा के बीच हर दिन का ‘नियमित’ जाम अब सिर्फ आम जनता के लिए नहीं, बल्कि नेताओं के लिए भी एक तरह का ट्रैफिक टेस्ट बन चुका है। खास तौर पर इस दौरान स्कूली बच्चों की परेशानी अभिभावकों के बीच गुस्से का कारण बन जाती है। आक्रोशित अभिभावक इस जाम की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल करते हुए स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासन को जमकर कोसते हैं।
एनएच-80 के निर्माण में जारी लेटलतीफी अब इस नासूर को बजबजा चुकी है। यह तो कोढ़ में खाज बन गया है। पिछले विधानसभा चुनाव में यह मुद्दा चरम पर था। इसी मुद्दे के साथ पहली बार बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ रहे पवन कुमार यादव ने क्षेत्रवासियों और दर्जनों समर्थकों के साथ मिलकर जीत का नगाड़ा बजा दिया था। रिकॉर्ड मतों से उनकी जीत हुई थी।
शनिवार की सुबह फिर वही हुआ जो रोज़ होता है – लेकिन इस बार ‘कैमरे’ में कैद हो गया। स्कूल टाइम का वही पुराना महाजाम, धूल-मिट्टी और गड्ढों से लथपथ NH-80। स्कूली बच्चे जाम को चीरते हुए पैदल स्कूल पहुंचते दिखे। और एक बार फिर, कहलगांव के बीजेपी विधायक पवन कुमार यादव खुद भी पैदल चलते हुए नज़र आए। वजह साफ़ थी – महाजाम। इसके बाद जाम में फंसे राहगीरों के तीखे सवालों का सामना करना पड़ा, और विधायक जी निशाने पर आ गए।
कैमरा ऑन हुआ… और सवाल भी!
एक युवक ने जब पैदल चलते विधायक जी से पूछा -क्या बात है विधायक जी! आप भी जाम में फंस गए हैं क्या?” तो उन्होंने झटपट सफाई दी – नहीं-नहीं… हम फंसे नहीं हैं, हम तो जाम हटवा रहे हैं! अभी रोड बन रहा है न। हम सुबह 7 बजे अपने वाहन से पटना से कहलगांव आ रहे थे, तो जाम हटाने में प्रशासन सक्रिय दिखा। सुबह से ही पुलिस लगी हुई है। अभी भी पुलिस मौजूद है।
युवक ने फिर सवाल दागा – हम यहां दो घंटे से जाम में खड़े हैं। स्कूल के बच्चे फंसे हुए हैं। सोशल मीडिया पर जब जाम की तस्वीरें डाली गईं, तब जाकर प्रशासन एक्टिव हुआ है। बात यहीं नहीं रुकी। वीडियो बना रहे युवक ने कैमरा घुमाया और विधायक जी के पीछे-पीछे वीडियो बनाते रहे। इस पर विधायक जी नाराज़ हो गए – गलत न्यूज़ मत चलाओ… प्रशासन सक्रिय है!
पहले भी बाइकर से ली थी लिफ्ट! गौरतलब है कि कुछ दिन पहले भी विधायक पवन कुमार यादव इसी एनएच-80 स्थित त्रिमुहान के पास जाम में फंस गए थे। तब उन्होंने एक बाइकर से लिफ्ट लेकर किसी तरह भागलपुर कोर्ट पहुंचने की बाज़ी मारी थी। उस समय उन्होंने एनएचएआई और संवेदक पर सीधा आरोप लगाया था – कोई सुनता ही नहीं है, सबको कहते-कहते थक गया हूं।
आज भागलपुर में NDA का कार्यकर्ता सम्मेलन था, और विधायक जी कहलगांव से चार पहिया वाहन में रवाना हुए थे। लेकिन एनएच-80 की ‘कसम’ कैसे टूटती! कहलगांव के पास ही जब महाजाम मिला, तो गाड़ी छोड़नी पड़ी और पैदल यात्रा शुरू हो गई।
विधायक का सुझाव – जनता को भी सोचना चाहिए! विधायक जी ने वीडियो में कहा – लोग एक साइड से चलें। लोग तीन-तीन लाइन में चलते हैं। सोच-समझकर आगे बढ़ें, तभी जाम नहीं लगेगा।
एनएच-80 अब नेताओं के लिए भी चुनौती बन चुका है। जाम सिर्फ आम आदमी की परेशानी नहीं रही – अब यह VIPs को भी सड़क की हकीकत दिखा रहा है। अब देखना यह है कि “जाम में नहीं फंसे हैं” कहने वाले विधायक अगली बार फिर सड़क पर चलेंगे, या सड़क निर्माण में गति लाने के लिए कोई ठोस कदम भी उठाएंगे!



