कर्रा प्रखंड के कोनवा गांव में दो परिवारों का आशियाना बारिश के कहर से जमींदोज, मजबूरी में बेचने पड़े बैल-बकरी
खूंटी :लगातार बारिश ने कोनवा गांव के दो गरीब किसानों का जीवन उजाड़ दिया। गांव में दो अलग-अलग परिवारों के घर ढह जाने से न केवल उनका सिर से छत छिन गई, बल्कि उनके पालतू बैल, गाय और बकरियों को भी बेचना पड़ा। कारण—घर के खंडहर में उन्हें रखने की जगह तक नहीं बची।
घर टूटने के बाद पति-पत्नी और बच्चे पड़ोसियों के घरों में शरण लिए हुए हैं। दोनों परिवार पहले से ही गरीबी और कर्ज के बोझ तले दबे थे। पालतू पशुओं की बिक्री से मिली रकम से उन्होंने कर्ज तो चुका दिया, लेकिन अब नया घर बनाना उनके लिए नामुमकिन जैसा हो गया है। उनकी सारी उम्मीदें सरकार से मिलने वाली मदद पर टिकी हैं।
मौके पर कांग्रेस पार्टी खूंटी की ओर से जिला परिषद सदस्य सह उपाध्यक्ष सुशील संगा, जिला महासचिव सयूम अंसारी, प्रखंड अध्यक्ष संजीव प्रधया, फूलचंद खालको, आलोक, रितेश, साबिर अंसारी और जीतवाहन महतो ने गांव का दौरा कर पीड़ित परिवारों को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया।



