सुशील मोदी न बोलेंगे तो पार्टी से निकाल दिए जाएंगे, ओवैसी केंद्र का एजेंट : नीतीश
पटना : बिहार के नांलदा और रोहतास जिले में रामनवमी पर हुई हिंसा की आंच मंगलवार को विधानसभा तक पहुंची। इसे लेकर सदन में जबरदस्त हंगामा हुआ। भाजपा सदस्यों ने कहा कि रामनवमी पर हमला जानबूझकर किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि दंगाइयों को जानबूझकर बचाया जा रहा है। वहीं, मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि सदन में विपक्ष क्या कर रहा है ये जनता देख रही है। राज्य सरकार ने आरोप लगाया कि विपक्ष सिर्फ हंगामा करता है और जवाब नहीं सुनता।
इससे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सभी अधिकारी लगे हुए हैं। हर एक घर में जांच की जा रही है। कुछ दिन बाद सब पता चल जाएगा। यह सब (दंगा) जानबूझकर किया गया है। बिहारशरीफ में जो धंधा किया है, वो सब कुछ दिन बाद पता चल जाएगा… जांच चल रही है। दो लोग हैं, एक राज कर रहा है और दूसरा उसका एजेंट है। वो दोनों मिलकर ये सब इधर-उधर कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि दोनों हिंसाग्रस्त जिलों में शांति है और जांच चल रही है।
सीएम नीतीश कुमार ने AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी के बयान पर नीतीश कुमार ने कहा कि AIMIM क्या चीज है? केंद्र में सत्ताधारी दल का एजेंट है, कहां का रहने वाला है? उसकी कितनी खबर छपती है। हमसे तो मिलना चाहते थे लेकिन हमने मना कर दिया।
वहीं, पूर्व डिप्टी सीएम और राज्यसभा सांसद सुशील मोदी के बयानों पर सीएम ने कहा कि सुशील मोदी को तो बोलना ही है, नहीं बोलेंगे तो उनको पार्टी से निकाल ही दिया जाएगा न। वहीं बिहार के डीजीपी राजविंदर सिंह भट्टी आज सासाराम जाएंगे, जहां वे हिंसाग्रस्त इलाकों में जाएंगे।

