देश की महारत्न कंपनी स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड का मुनाफे में ऊंची छलांग
बोकारो :देश की महारत्न कंपनी स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड का वित्त वर्ष 2025–26 की पहली नौ माह (अप्रैल से दिसंबर 2025) की अवधि में सेल ने ऐसा प्रदर्शन किया है, जिसने न सिर्फ निवेशकों बल्कि उद्योग जगत का भी ध्यान खींच लिया है। कंपनी का कर पश्चात लाभ बीते वर्ष की तुलना में लगभग 60 प्रतिशत बढ़ गया, जो यह बताता है कि सेल अब सिर्फ उत्पादन नहीं, बल्कि मुनाफे की मजबूत इबारत लिख रही है।इस नौ माह की अवधि में सेल का कच्चा इस्पात उत्पादन 2 प्रतिशत बढ़कर 14.35 मिलियन टन पर पहुंच गया। वहीं बिक्री मात्रा में 16.3 प्रतिशत की उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई जो बेहतर बाजार पहुंच, खुदरा बिक्री में विस्तार और तेज़ डिस्पैच का परिणाम है।राजस्व के मोर्चे पर भी कंपनी ने मजबूती दिखाई। परिचालन से आय करीब 9 से 10 प्रतिशत बढ़कर 79,997 करोड़ तक पहुंच गई।सबसे अहम बात यह रही कि शुद्ध लाभ 970 करोड़ से बढ़कर 1,554 करोड़ हो गया जो किसी भी सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।मुनाफे के साथ-साथ सेल ने अपने वित्तीय ढांचे को भी मजबूत किया है। पहले नौ महीनों में कंपनी ने लगभग 5 हजार करोड़ का कर्ज कम किया, जिससे उसके बैलेंस शीट में नई मजबूती आई है और भविष्य की विकास योजनाओं के लिए रास्ता खुला है।
सेल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक अमरेन्दु प्रकाश इस सफलता को केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं मानते। उनका कहना है उच्च बिक्री मात्रा, परिचालन दक्षता, मजबूत बाजार पैठ और सख्त लागत अनुशासन के कारण हम लगातार बेहतर प्रदर्शन कर पा रहे हैं।चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद सेल ने टिकाऊ और लाभकारी विकास सुनिश्चित किया है। उनके अनुसार बेहतर उत्पाद मिश्रण, बढ़े हुए वॉल्यूम और लागत नियंत्रण की नीति ने सेल को स्थिरता के साथ मुनाफा देने वाली कंपनी के रूप में स्थापित किया है।विशेषज्ञ मानते हैं कि सेल का यह प्रदर्शन आने वाले समय में न सिर्फ कंपनी की आर्थिक स्थिति को और मजबूत करेगा, बल्कि देश के इस्पात क्षेत्र को भी नई ऊर्जा देगा।मुनाफा, उत्पादन और कर्ज नियंत्रण तीनों मोर्चों पर सफलता यह संकेत देती है कि सेल अब सिर्फ स्टील नहीं, भरोसा और स्थिरता भी गढ़ रही है।



