गांधी जयंती के करीब आते ही तेज हुई गांधी उत्सव की तैयारियां, आश्रम से बैजानी तक जुटे लोग
भागलपुर। आगामी 3 अक्टूबर को गांधी जी के बांका आगमन शताब्दी वर्ष के अवसर गांधी आश्रम शोभनपुर, अमरपुर, बांका में दिशा ग्रामीण विकास मंच द्वारा आयोजित गांधी उत्सव – 2026 के ‘गांधी प्रतिमा का सामुहिक अनावरण’ कार्यक्रम में जुटान शुरू हो गया है। इस आयोजन में पी. वी. राजगोपाल, वरिष्ठ गांधीवादी चिंतक, केरल, अशोक कुमार सिन्हा, अपर निदेशक, बिहार संग्राहलय, पटना, हरिओम जिंदल, वरीय अधिवक्ता, लुधियाना, पंजाब, विनय कुमार, निदेशक, बापू टॉवर, पटना, प्रो० शिवनारायण, संपादक, नई धारा, पटना की उपस्थिति रहेगी।
इधर समय नजदीक आते ही गांधी उत्सव की तैयारियां तेज हो गई हैं। आयोजन से जुड़े लोगों की व्यस्तता लगातार बढ़ रही है। आयोजक ने बताया कि लगातार भागदौड़ और तैयारियों के कारण वे मानसिक और शारीरिक रूप से काफी थकान महसूस कर रहे हैं। कई लोग फोन कर यह याद दिला रहे हैं कि उनसे अभी बात होनी बाकी है। ऐसे में फोन आने पर उनसे बातचीत कर तैयारियों से जुड़े जरूरी कामों को आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस बीच बाहर से आने वाले मेहमानों का सिलसिला भी जारी है। सहज योग से जुड़े पारस जी मुंबई से पहुंच चुके हैं। वहीं लतांत प्रसून भी नई दिल्ली से आ चुके हैं। हालांकि, उन्हें मेहमान से अधिक आयोजन में सहयोग करने वाले मेजबान के रूप में देखा जा रहा है। लुधियाना से एडवोकेट हरिओम जिंदल के भी अगले दिन पहुंचने की संभावना है।
डॉ मनोज मीता ने बताया कि गांधी आश्रम में प्रेमा कुमारी और दो मजदूर साफ-सफाई के काम में जुटे हैं। वहीं बैजानी में त्रिभुवन कुमार, गुरु मंजुषा और मनोज पंडित जी अपने एक सहयोगी के साथ 2 अक्टूबर के लिए एक विशेष सरप्राइज तैयार कर रहे हैं। एक अन्य मजदूर भी वहां काम में लगा हुआ है। इन तैयारियों में आयोजक की पत्नी भी लगातार सहयोग कर रही हैं।
2 अक्टूबर की तैयारियों के बीच आज सुबह सिद्धार्थ झा गांधी उत्सव का झोला लेकर पहुंचे। उन्हें अपने कार्यालय भी जाना था, इसलिए कुछ देर रुकने के बाद वे काम के लिए रवाना हो गए। इसी बीच त्रिभुवन और मणिकांत पटना से गांधी जी की नई प्रतिमा लेकर पहुंचे। प्रतिमा को लकड़ी के एक बड़े बॉक्स में पैक कर लाया गया था। मनोज के सहयोग से बॉक्स खोला गया और प्रतिमा को बाहर निकाला गया। बताया गया कि यह प्रतिमा बिहार संग्रहालय के अपर निदेशक श्री अशोक कुमार सिन्हा ने प्रदान की है। प्रतिमा के मूर्तिकार पद्म सम्मान से सम्मानित ब्रह्मदेव पंडित हैं। इस प्रतिमा को 3 अक्टूबर को गांधी आश्रम, शोभनपुर में पुनः स्थापित किया जाएगा।
आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटी टीम के सामने अभी कई काम बाकी हैं। बैनर, प्रमाणपत्र और टेंट का काम अब तक पूरा नहीं हुआ है। इन सभी कार्यों को अगले दिन पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। 2 अक्टूबर के आयोजन को लेकर आश्रम और बैजानी में गतिविधियां लगातार तेज हैं। बाहर से पहुंच रहे सहयोगियों और स्थानीय स्तर पर जुटे लोगों की सक्रियता के बीच तैयारियों को अंतिम रूप देने का काम जारी है।


