डॉ. अमरेंद्र की पुस्तक ‘पटकथा आरो पटकथा’ का लोकार्पण, अंगिका साहित्य को मिली नई दिशा
भागलपुर। अंगिका भाषा और साहित्य को समर्पित चर्चित साहित्यकार डॉ. अमरेंद्र की पुस्तक ‘पटकथा आरो पटकथा’ का लोकार्पण शुक्रवार को बरारी स्थित बड़गाछ चौक पर रंगकर्मी अरुण शीतांशु के आवास पर संपन्न हुआ।कार्यक्रम का आयोजन साहित्यिक संस्था ‘अंग संवाद’ के तत्वावधान में किया गया। इस अवसर पर साहित्यकार, रंगकर्मी, पत्रकार, कवि एवं शिक्षाविद बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।लोकार्पण समारोह को संबोधित करते हुए डॉ. अमरेंद्र ने कहा कि यह पुस्तक उनके वर्षों के रेडियो नाटक लेखन, पटकथा प्रयासों और अंगिका भाषा में किए गए रचनात्मक कार्यों का संकलन है। उन्होंने बताया कि दूरदर्शन, आकाशवाणी और क्षेत्रीय साहित्यिक आंदोलनों ने उनके लेखन को नई दिशा दी।समारोह में डॉ. मधुसूदन झा, गीतकार राजकुमार, मुरारी मिश्र, अरुण शीतांशु, त्रिलोकीनाथ दिवाकर, गौतम सुमन गर्जना, डॉ. जयंत जलद सहित अन्य वक्ताओं ने पुस्तक की सराहना करते हुए इसे अंगिका साहित्य में एक नया मील का पत्थर बताया।सभी वक्ताओं ने सर्वसम्मति से सुझाव दिया कि पुस्तक की वैचारिक और साहित्यिक गहराई को समझने के लिए इस पर एक विशेष विचार गोष्ठी का आयोजन किया जाना चाहिए।
अंत में धन्यवाद ज्ञापन अरुण शीतांशु द्वारा किया गया।



