रांची में डाकिया की बड़ी लापरवाही: एक साल तक घर में छिपाकर रखे आधार, पैन, एटीएम कार्ड और कोर्ट के नोटिस
रांची : राजधानी रांची के कांके प्रखंड स्थित पिठोरिया पोस्ट ऑफिस में डाक वितरण को लेकर बड़ी लापरवाही उजागर हुई है। डाकिया विकास कुमार ने पिछले करीब एक वर्ष से लोगों तक डाक पहुंचाने के बजाय आधार कार्ड, पैन कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक, सरकारी पत्र और कोर्ट के महत्वपूर्ण नोटिस अपने घर में बोरों में भरकर छिपा रखे थे।
स्थानीय लोगों की लगातार शिकायतों के बाद शनिवार को पुलिस और डाक विभाग की संयुक्त जांच में डाकिया के घर से सैकड़ों महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए। बरामद दस्तावेजों में आधार कार्ड, पैन कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक के साथ-साथ लोक अदालत और आयकर विभाग के नोटिस भी शामिल हैं।
समय पर नोटिस नहीं मिलने के कारण कई लोगों को आर्थिक और कानूनी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई ग्रामीणों को तो यह तक पता नहीं था कि उनके नाम से कोई सरकारी नोटिस या जरूरी दस्तावेज जारी किए गए हैं।
ग्रामीणों में भारी नाराजगी
मामले के खुलासे के बाद क्षेत्र के लोगों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले एक साल से नियमित डाक वितरण नहीं होने के कारण बैंकिंग, सरकारी योजनाओं और अन्य जरूरी कार्य प्रभावित हुए। ग्रामीण ब्रज किशोर साहू ने बताया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ, जिसके बाद ग्रामीणों ने विरोध दर्ज कराया।
डाकिया निलंबित, जांच शुरू
मामले की गंभीरता को देखते हुए डाक विभाग ने संबंधित डाकिया विकास कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभाग ने पूरे मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में अन्य कर्मचारियों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विशेष अभियान चलाकर पहुंचाई जाएगी डाक
डाक विभाग ने प्रभावित लोगों को राहत देने के लिए विशेष अभियान चलाने का फैसला किया है। इसके तहत बरामद सभी डाक और दस्तावेजों की छंटनी कर उन्हें प्राथमिकता के आधार पर संबंधित लोगों तक पहुंचाया जाएगा।
यह मामला सरकारी व्यवस्था की जवाबदेही और निगरानी प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। डिजिटल युग में भी एक वर्ष तक लोगों की महत्वपूर्ण डाक का घरों तक न पहुंचना प्रशासनिक लापरवाही का बड़ा उदाहरण माना जा रहा है।


