सामुदायिक वन अधिकार पट्टा की मांग को लेकर हूसीर गांव के ग्रामीणों ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
खूंटी: जिले के हूसीर ग्राम के ग्रामसभा एवं वन अधिकार समिति के सदस्यों ने सामुदायिक वन अधिकार पट्टा निर्गत कराने की मांग को लेकर शुक्रवार को जिला मुख्यालय पहुंचकर एसडीएम दीपेश कुमारी को ज्ञापन सौंपा।
वन अधिकार समिति के अध्यक्ष फिलिप बारला और सचिव अमोल गुड़िया ने बताया कि हूसीर गांव का सामुदायिक वन अधिकार दावा वर्ष 2019 से जिला स्तरीय समिति में लंबित है। इससे पहले वर्ष 2018 में अनुमंडल स्तरीय समिति के समक्ष दावा प्रस्तुत किया गया था, जहां जांच प्रक्रिया पूरी कर ली गई थी, लेकिन अब तक इस पर कोई निर्णय नहीं लिया गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव का जंगल उनकी आजीविका का प्रमुख आधार है। वे लकड़ी, चारा एवं लघु वनोपज का संग्रह करते हैं और साथ ही जंगल का संरक्षण भी करते हैं। ऐसे में उन्हें वन अधिकार अधिनियम के तहत सामुदायिक वन अधिकार पट्टा दिया जाना चाहिए।
इस पर एसडीएम दीपेश कुमारी ने ग्रामीणों की बातों को सुनते हुए बताया कि नगर निकाय चुनाव के कारण फिलहाल आदर्श आचार संहिता लागू है। आचार संहिता समाप्त होने के बाद वन पट्टा निर्गत करने की प्रक्रिया पर कार्रवाई की जाएगी।
वहीं राजनीतिक नेता सह पूर्व झविमो जिला अध्यक्ष दिलीप मिश्रा ने कहा कि वन क्षेत्रों में रहने वाले ग्रामीणों की आजीविका वनोपज पर निर्भर है। उन्होंने जिला प्रशासन से लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन कर ग्रामीणों को वन पट्टा प्रदान करने की मांग की।



