कॉमन योग प्रोटोकॉल विषय पर एक दिवसीय वर्कशॉप का आयोजन
रांची, राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एवं डिवाइन योगा एकडेमी के संयुक्त प्रयास से मंगलवार को कॉमन योगा प्रोटोकॉल विषय पर एक दिवसीय वर्कशॉप का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों को योग कौशल एवं योगाभ्यास में मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए डॉ परिणीता सिंह (डायरेक्टर डिवाइन योग अकादमी एवं वाईस चैयरपर्सन,झारखण्ड चैप्टर ऑफ़ इंडियन योगा एसोसिएशन ) उपस्थित थी।
वर्कशॉप के उद्घाटन अवसर पर झारखण्ड राय यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार डॉ. पियूष रंजन ने डॉ परिणीता सिंह को पौधा देकर सम्मानित किया गया।
वर्कशॉप को सम्बोधित करते हुए डॉ. पियूष रंजन ने योग की महत्ता एवं अपने निजी जीवन में इसके प्रभावों की चर्चा करते हुए कहा कि ” योग मानसिक और शारीरिक दोनों परेशानियों का समाधान है। डिप्रेशन और बेचैनी के साथ-साथ मन को भी शांत करने के लिए योग बेस्ट दवा मानी जाती है। वर्कहॉलिक्स लोगों में अक्सर तनाव और लंबे समय तक काम करने से शरीर में अकड़न हो जाती है। ऐसे में कुछ योगासन हैं, जिसको रोजाना करने से आप तरोताजा और अपना ध्यान फॉकस में रखने में कामयाब होते हैं।
विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए डॉ परिणीता सिंह ने कहा “योग को बढ़ावा देने और लोगों में जागरूकता पैदा करने के लिए आयुष मंत्रालय विभिन्न कदम उठा रहा है। ऐसा ही एक कदम कॉमन योग प्रोटोकॉल (CYP) है।
कामकाजी लोग ‘कॉमन योग प्रोटोकॉल’ को लाइफस्टाइल में जरूर करें शामिल, तनाव से रहेंगे दूर योगा शरीर को लचीला और मजबूत बनाता है।
योग मानसिक और शारीरिक दोनों परेशानियों का समाधान है। उन्होंने विद्यार्थियों के साथ कई योग एवं प्राणायाम संबधी विषयों पर चर्च भी किया।
संबोधन उपरांत योग प्रशिक्षक प्रियंका के मार्गदर्शन में योगाभ्यास प्रारंभ किया गया। एनएसएस से जुड़े 50 से ज्यादा स्वयंसेवकों ने वर्कशॉप में हिस्सा लिया।
वर्कशॉप को सफल बनाने में एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी प्रो. रघुवंश सिंह का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रशांत जयवर्धन ने किया। इस अवसर पर यूनिवर्सिटी के कई वरिष्ठ शिक्षक एवं अधिकारी उपस्थित थे

