संथाल की तीन सीटों पर जीत के लिए एनडीए और इंडिया ने लगाया जोर,28 को दुमका में गरजेंगे पीएम मोदी
गणादेश ब्यूरो,रांची
लोकसभा चुनाव में छठे और अंतिम चरण का मतदान एक जून को होना है। झारखंड में 11सीटों पर मतदान संपन्न हो चुका है और अब तीन सीटें, जिसमे दुमका,राजमहल और गोड्डा में एक जून को मतदान होना है। गोड्डा से एनडीए के निशिकांत दूबे इंडी गठबंधन से प्रदीप यादव मैदान में हैं। वहीं दुमका से सीता सोरेन एनडीए तो इंडी गठबंधन से नलिन सोरेन मैदान में हैं। राजमहल से रमेश हंसदा इंडी गठबंधन से तो एनडीए से ताला मरांडी मैदान में हैं। निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में पूर्व झामुमो नेता लॉबिन हेंब्रम हैं। यहां पर दोनों का खेल लॉबिन हेंब्रम ही बिगाड़ रहे हैं।
संथाल की तीनों सीटों पर कब्जा लेने के लिए इंडी गठबंधन और एनडीए गठबंधन के शीर्ष नेता संथाल शिफ्ट कर गए हैं। वहीं 28 मई को पीएम मोदी की दुमका में चुनावी जनसभा है। दुमका सीट वैसे भी हॉट है। यहां पर सीता सोरेन एनडीए से प्रत्याशी हैं जो पहले जेएमएम में थीं। बीजेपी सीता सोरेन को जीताने के लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ रही है। बीजेपी के लिए एक तरह से प्रतिष्ठा का विषय बन चुका है। वैसे भी इस सीट पर बीजेपी का पहले से ही कब्जा रहा है। वहीं जेएमएम भी इस सीट को पाने के लिए हर वह तरकीब इस्तेमाल कर रहा है,जिससे वोटर इंडी गठबंधन की ओर आ जाए। दुमका में ईसाई समुदाय के लोगों की संख्या भी अच्छी खासी है।
जानकारों की मानें तो दुमका सीट को इंडी गठबंधन के प्रत्याशी नलिन सोरेन के पक्ष में लाने के लिए साउथ से बड़ी संख्या में ईसाई समुदाय के लोग दुमका और आसपास के इलाके में घुसे हैं। ये लोग इसाई और आदिवासी ग्रामीण क्षेत्रों में वोटरों को बीजेपी के खिलाफ प्रचार कर रहे हैं। इन लोगों का रात्रि विश्राम स्थानीय चर्च में हो रहा है।
दुमका में सीता सोरेन के साथ भीतरघात में होने की भी संभावना है। यहां पर बीजेपी का तीन गुट काम कर रहा है। इसमें लुइस मरांडी गुट,सुनील सोरेन गुट और तीसरा बाबूलाल मरांडी गुट जो पहले जेवीएम में था। यहां पर कार्यकर्ता ही तीन गुटों में हैं। बीजेपी को इसे मैनेज करना होगा। इसके अलावा सीता सोरेन के साथ उनके समर्थक जो पहले जेएमएम में थे,वे बीजेपी में नहीं आ पाए हैं। इससे भी सीता सोरेन को थोड़ी परेशानी हो सकती है।
अब गोड्डा की बात करें तो यहां पर अबतक निशिकांत दूबे का ही पलड़ा भारी दिख रहा है। वैसे प्रदीप यादव जो इंडी गठबंधन के प्रत्याशी हैं,वे भी दिन रात मेहनत कर रहे हैं। लेकिन,यहां भी भीतरघात की संभावना है।
राजमहल सीट पर पूर्व झामुमो नेता लोबिन हेंब्रम के निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में खड़े हो जाने से फिलहाल बीजेपी के ताला मरांडी को ही लाभ दिख रहा है। यहां पर जेएमएम के रमेश हंसदा तीसरे नंबर पर फिलहाल दिख रहे हैं।

