खूब बरसे विधायक गोपाल मंडल, कहा – सांसद सोते रहे, इलाका डूबता रहा, आपत्तिजनक बयान भी
भागलपुर। बाढ़ की मार और ऊपर से बयानबाज़ी की बौछार – ऐसा लगता है कि भागलपुर में पानी सिर्फ गंगा का ही नहीं, राजनीति का भी सिर चढ़कर बोल रहा है। जेडीयू के चर्चित और अक्सर सुर्खियों में रहने वाले विधायक गोपाल मंडल ने इस बार अपनी ही पार्टी के सांसद अजय मंडल पर निशाना साधा है। बाढ़ से बेहाल इलाके में जब राहत कार्यों की सुई टस से मस नहीं हो रही, तब गोपाल मंडल ने माइक संभालते ही ऐसा कुछ कह डाला कि सियासी तापमान बाढ़ के पानी से भी ऊपर चला गया।
“काम चैत-वैशाख में होना चाहिए था, वो अब हो रहा है जब पानी सिर पर है”, ये कहकर विधायक ने जल संसाधन विभाग को भी आड़े हाथों लिया। लेकिन असली हमला तो अपने ही सांसद पर था। गोपाल मंडल का कहना है कि सांसद इस संकट में गहरी नींद में सोते रहे। उन्होंने न तो केंद्र सरकार से बात की, न ही कोई ठोस कदम उठाया। और तो और, एक महिला का नाम लेकर – जिसे उन्होंने सांसद की “करीबी” बताया – उन्होंने कहा कि वह पोस्टरों में तो दिखती हैं, पर इलाके में कदम रखने से भी डरती हैं।
“हमने तो अपनी औकात के हिसाब से काम करवा दिया, एस्टिमेट भी बनवाया। अब सांसद बताएं, उन्होंने क्या किया?”, मंडल की बातों में आक्रोश कम और सियासी कटाक्ष ज्यादा नज़र आया। इस बयान के बाद बाढ़ राहत से ज़्यादा चर्चा अब इस “पार्टी के भीतर की तू-तू, मैं-मैं” की हो रही है। एक तरफ जनता बाढ़ में फंसी है, दूसरी तरफ उनके नेता एक-दूसरे को डुबोने में लगे हैं। अब देखना ये है कि क्या ये बयान महज़ एक और ‘गोपाल मंडल शैली’ है, या जेडीयू के अंदर कोई गहरी दरार पड़ चुकी है?



