झामुमो में हिम्मत है तो हेमंत सोरेन के दिल्ली से रांची भागकर आने का श्वेतपत्र जारी करे:अरुण उरांव
रांची: भाजपा प्रदेश प्रवक्ता एवम पूर्व आईपीएस अधिकारी अरुण उरांव ने झामुमो प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी।
उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन अपने कर्मो से जेल गए हैं।
कहा कि प्रदेश अध्यक्ष एवम पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सोरेन को कई बार पत्र लिखकर सचेत भी किया। दोषियों पर कारवाई की सलाह दी।लेकिन सत्ता के अहंकार में कोई ध्यान नहीं दिया।
उन्होंने कहा कि ईडी की कारवाई विधि सम्मत कार्रवाई है। लूट और भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई केलिए ही ईडी सीबीआई जैसी संस्थाएं इस देश में काम कर रही है।
कहा कि झामुमो का यह सौभाग्य कहें या दुर्भाग्य उन्हे इसके पूर्व कई गैर भाजपा सरकारों के कार्यकाल में उनके नेताओं को कारवाई में जेल जाना पड़ा है। लेकिन आज सत्ता की लालच में उन्हें कांग्रेस के प्रधानमंत्री के संबंध नही बोलने की मजबूरी है।
उन्होंने कहा कि आनेवालों दिनों में समय के साथ भ्रष्टाचार की सभी परतें खुलेगी।झामुमो को उसका इंतजार करना चाहिए।और जिस न्यायालय के पास राहत पाने केलिए और अपने दलाल बिचौलियों को बचाने केलिए गुहार लगाते रहे हैं उनके फैसले का इंतजार करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि झामुमो ने किस मजबूरी में चंपई सोरेन जी को नेता चुना है यह जनता समझ चुकी है। इतना ही था तो झामुमो बताए कि सरफराज अहमद जी का इस्तीफा क्यों हुआ? क्यों कल्पना सोरेन जी को विधायक दल की बैठक में शामिल कराया गया।
कहा कि झामुमो को हिम्मत है तो बताए कि मुख्यमंत्री अपने दिल्ली आवास से फरार क्यों हुए। चार्टर्ड प्लेन से गए थे और भगोड़े की तरह भागते भागते रांची क्यों पहुंचे?
झामुमो को बताना चाहिए कि दिल्ली से रांची भागकर आने के दौरान तत्कालीन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का रूट चार्ट क्या था।कौन कौन सुरक्षा अधिकारी उनके साथ थे।
झामुमो बताए कि आखिर 48घंटे तक हेमंत सोरेन ने राज्य को किसके भरोसे छोड़ था। आखिर कौन सी मजबूरी थी कि राज्य की जनता को मुख्यमंत्री के गायब होने की खबर पर स्पष्ट जानकारी नही दी गई।
उन्होंने कहा कि झामुमो अपनी नाकामियों और विफलताओं पर श्वेत पत्र जारी करे।अपने वादा खिलाफी,युवा,बेरोजगार ,किसान, के साथ हुए अन्याय पर बताए। झारखंड में मची जल ,जंगल जमीन की लूट पर श्वेत पत्र जारी करे।
कहा कि महिलाओं के साथ हुए 6हजार से अधिक दुष्कर्म की घटनाओं पर श्वेत पत्र जारी करे।
कहा कि झामुमो उल्टी सीधी बातों के साथ अपनी नाकामियों और भ्रष्टाचार से जनता का ध्यान बांटना चाहता है।

