चुनाव से पहले रणनीति तैयार: भागलपुर में प्रशासन और सीएपीएफ की समन्वय बैठक
भागलपुर। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारी अब सिर्फ कागज़ों तक सीमित नहीं रही। चुनाव को स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण बनाने की रणनीति जमीन पर उतरने लगी है। इसी कड़ी में भागलपुर जिला अतिथि गृह के सभागार में एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक आयोजित हुई जहां सुरक्षा और प्रशासन के आला अफसर आमने-सामने बैठे, मुद्दों पर खुलकर चर्चा की, और साझा लक्ष्य की ओर कदम बढ़ाया।
बैठक की कमान संभाली जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री हृदय कांत ने। उनके साथ बैठे थे सीआरपीएफ और सीएपीएफ के वरीय अधिकारी, जिनसे जिले की भौगोलिक और राजनीतिक तस्वीर साझा की गई।
“भागलपुर में कुल सात विधानसभा क्षेत्र हैं। हमारी प्राथमिकता है कि हर मतदाता निर्भीक होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करे,” – जिलाधिकारी ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा।
बैठक में एक परिचय सत्र भी हुआ, जिसमें सभी केंद्रीय बलों के पदाधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। डीएम ने बताया कि जवानों के आवासन, वाहन, भोजन और अन्य ज़रूरी इंतज़ाम पूरे कर लिए गए हैं। अगर कोई समस्या हो, तो जिला और अनुमंडल स्तर पर नोडल अधिकारी हर वक्त मदद को तैयार हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने भी अपनी टीम का परिचय कराया और स्थानीय पुलिस तथा केंद्रीय बलों के बीच समन्वय को ‘मूल मंत्र’ बताया। उनका संदेश साफ था – “चुनाव सिर्फ एक प्रक्रिया नहीं, लोकतंत्र का उत्सव है। और इस उत्सव में कोई खलल न आए, इसकी ज़िम्मेदारी हम सबकी है।”
नवगछिया की पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार ने भी बैठक में भाग लिया और समन्वय की आवश्यकता को दोहराते हुए दीपावली की शुभकामनाएं दीं। बैठक का माहौल जितना गंभीर था, उतना ही उत्सवमय भी, जब सभी अधिकारियों ने एक-दूसरे को दीपावली की अग्रिम शुभकामनाएं दीं।
इस अहम बैठक में उप विकास आयुक्त प्रदीप कुमार सिंह, नगर पुलिस अधीक्षक शुभांक मिश्रा, नगर आयुक्त शुभम कुमार, सहायक समाहर्ता जतिन कुमार, सीआरपीएफ के नोडल अधिकारी मोहम्मद अयूब, सीएपीएफ के गोरेलाल शुक्ला, डिप्टी कमांडेंट आलोक सिंह नेगी, कैलाश लरका, गौरव किशोर पनवार, सुमन राय, बिरेंद्र, राजेश गुप्ता, दुर्गेश मिश्रा, राजवीर, वाई एस खंगारोत, जे भट्टाचार्य, और नरेश कुमार समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।



