फुटबॉल के क्षेत्र में छुपी हुई खेल प्रतिभा को निखारना इस टूर्नामेंट का मकसद : शिल्पी नेहा तिर्की
रांची :डॉ करमा उरांव स्मृति अंतर आदिवासी छात्रावास फुटबॉल टूर्नामेंट 2025 का रोमांचक आगाज हो गया है . रांची के डॉ रामदयाल मुंडा फुटबॉल स्टेडियम में टूर्नामेंट का उदघाटन राज्य की कृषि , पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने किया . इस टूर्नामेंट में छात्रावास से जुड़े लड़कों की 16 और लड़कियों की 8 टीम हिस्सा ले रहीं हैं . पिछले साल से इस टूर्नामेंट की शुरुआत पूर्व मंत्री बंधु तिर्की के द्वारा की गई थी . सबसे पहले डॉ करमा उरांव की तस्वीर पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित की गई . इस मौके पर कृषि , पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि खेल स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मस्तिष्क के लिए जरूरी है .उन्होंने कहा कि ये आयोजन ऐसे महान पुरुष की विचारधारा को जीवित रखने का एक सफल प्रयास है , जो आज हमारे बीच नहीं हो कर भी अपने होने का अहसास दिला रहे हैं . मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि फुटबॉल मैच में जीत – हार का फैसला जरूर होगा , लेकिन इस आयोजन से एक दूसरे को जानने – पहचानने के साथ – साथ बहुत कुछ सीखने का भी मौका मिलेगा . फुटबॉल के क्षेत्र में छुपी हुई खेल प्रतिभा निखर कर सामने आएगी . खेल के मैदान में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को राष्ट्रीय – अंतराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने का मौका भी मिलेगा . इस अवसर पूर्व मंत्री बंधु तिर्की ने कहा कि हर साल इस टूर्नामेंट के आयोजन का उद्देश्य डॉ करमा उरांव को अपने जेहन में हमेशा जिंदा रखना है . छात्रों के भविष्य के प्रति हमेशा सजग और पहल करने वाले डॉ करमा उरांव की याद में इस फुटबॉल टूर्नामेंट के आयोजन से नई प्रतिभाओं का चयन आसानी से हो पाएगा . छात्रों के जीवन में खेल का विकास उनके स्वास्थ्य और भविष्य के लिए जरूरी है . फुटबॉल के मैदान में खिलाड़ियों का जज्बा और खेल के प्रति जुड़ाव इस आयोजन को सफल बनाता है . बंधु तिर्की ने कहा कि झारखंड के गांव – गांव में हॉकी और फुटबॉल से युवाओं का जुड़ाव हमेशा से रहा है . झारखंड की मिट्टी से जुड़े खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहले भी अपनी पहचान स्थापित की है और आगे भी ये सिलसिला जारी रहेगा . उदघाटन मैच से पहले जैप वन के द्वारा बैंड डिस्प्ले किया गया . इस मौके पर डॉ हरि उरांव , डॉ शीतल उरांव , शांति उरांव , एलेक्स लकड़ा , बलराम उरांव , जीता उरांव , दिनेश उरांव , बिरसा उरांव , आलोक दुबे , लाल किशोरनाथ शाहदेव मुख्य से मौजूद थे .



