नेता का अभिनेता अवतार/ अश्विनी चौबे ने विश्वामित्र का अभिनय कर किया मंत्रमुग्ध
गणादेश ब्यूरो
पटनाः कौन कहता है नेता अच्छे अभिनेता नहीं होते!केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने रामलीला के मंच पर अपने अभिनय की प्रतिभा बिखेरी। वे रामलीला में मुनि विश्वामित्र की भूमिका निभाते नजर आए। भगवान राम और भगवान लक्ष्मण के साथ मुनि विश्वामित्र की भूमिका में उन्होंने ऐसा शानदार अभिनय किया कि रामलीला के मंझे हुए कलाकार भी चकित रह गए।
मंत्री अश्विनी चौबे ने दिल्ली के रामलीला मैदान में दशहरे के मौके पर चल रही रामलीला में मुनि विश्वामित्र का किरदर निभाया। दरअसल, दिल्ली के रामलीला मैदान में भगवान राम और माता जानकी के स्वयंवर का प्रसंग दिखाया जा रहा था। इसी कड़ी में दिखाया गया कि मुनि विश्वामित्र राम और लक्ष्मण को लेकर राजा जनक की नगरी में पहुंचे। यह प्रसंग अश्विनी चौबे के संसदीय निर्वाचन क्षेत्र के लिहाज से बेहद खास है।
बताया जाता है कि मुनि विश्वामित्र का आश्रम बक्सर में ही था। यहीं पर ताड़का का वध भगवान राम ने किया था। यहीं से मुनि विश्वामित्र, राम और लक्ष्मण को लेकर जनक की नगरी पहुंचे थे। अश्विनी चौबे ने भी इस प्रसंग का जिक्र दिल्ली में किया। उन्होंने खुद के बक्सर से चुने जाने पर गर्व जताया। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मेरा सौभाग्य है कि महर्षि विश्वामित्र जी की तपोभूमि बक्सर बिहार से लोकसभा का प्रतिनिधित्व करता हूं। उनके तप-बल का ही प्रभाव था कि श्रीराम जी व लक्ष्मण जी ने उनसे वीरोचित शिक्षा ग्रहण करके राक्षसी वृत्तियों का संहार किया था। उनका पात्र निभाना अद्भुत अनुभव भरा रहा।
उन्होंने कहा कि महर्षि विश्वामित्र जी के पात्र निभाने का मकसद बक्सर की पौराणिक मान्यताओं से भी सभी को परिचित कराना था। बक्सर ज्ञान विज्ञान की भूमि रही है।

