जांच….. जांच….. जांच….. में उलझ गया है झारखंड, , सिर्फ हो रही गपास्टिंग, सूबे की जनता के समाने छा गया है अंधियारा
रांचीः झारखंड की राजनीति जांच पड़ताल में उलझ गई है। दलों के नेताओं के बीच सिर्फ गपास्टिंग। ऐसे हुआ तो ये होगा। ये होगा तो कैसा होगा। बस यही चर्चा में दिन और रात कटती ही जा रही है। लेकिन सूबे की जनता के भी अंधियारा और गहराता जा रहा है। विकास की योजनाएं धरी की धरी रह गई हैं। मुख्यमंत्री की कुर्सी पर खतरा मंडरा रहा है। वहीं मंत्री कमलेश सिंह, विधायक बसंत सोरेन की जांच की आंच में तपते जा रहे हैं। अब नया डेवलपमेंट ये है कि जेएमएम विधायक दीपक बिरूआ के खिलाफ भी शिकायत कर दी गई है। विकास की योजनाओं को अमली जामा पहनाने वाले ब्यूरोक्रेशी में हड़कंप मचा हुआ है। पूजा सिंघल प्रकऱण में जांच का दायरा इतना बढ़ गया है कि कई किसकी बारी आ जाए, कहना मुशकिल। डीएमओ से लेकर कई एजेंट इसके लपेटे में आ चुके हैं। अब कई आइएएस, आइपीएस , इंजीनियर भी ईडी की रडार में हैं। इधर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन खनन पट्टा लीज आवंटन, शेल कंपनियां के मामले में जांच की आंच में हैं। बीजेपी विधायक दल के नेता बाबूलाल मरांडी पर दलबदल कानून की जांच चल रही है । खेल गांव घोटाले की सीबीआई जांच चल रही है। यूं कहें की हर तरफ जांच ही जांच। ऐसे में सूबे की जनता के पास एक ही चारा है वेट एंड वॉच

