शराब के लिए छापा मारने गई टीम पर हमला, महिला सिपाही समेत 6 पुलिसकर्मी जख्मी
जहानाबाद : जहानाबाद जिले के मखदुमपुर प्रखंड के पल्या गांव में शराब तस्करी की सूचना पर छापे मारने गई एलटीएफ टीम पर लोगों ने हमला कर दिया, जिसमें महिला सिपाही सहित आधा दर्जन पुलिसकर्मी चोटिल हो गए। जान बचाने के लिए पुलिस को तीन राउंड फायरिंग करनी पड़ी, जिसके बाद उपद्रवी मौके से भागे।
पुलिस ने मौके से शराब बनाने व बेचने के आरोप में तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के विरोध में लोगों ने पटना-गया एनएच-83 को जाम कर दिया। सड़क पर आगजनी कर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।महिलाओं का आरोप था कि एएलटीएफ टीम छह-सात गाड़ी के साथ पहुंची और घरों में घुसकर दुर्व्यवहार करने लगी। इसी बीच ग्रामीणों और पुलिस के बीच झड़प हुई। ग्रामीणों की ओर से पथराव किया गया, जिसपर पुलिस की ओर से फायरिंग की गई। हालांकि, एएलटीएफ टीम के प्रभारी विनोद कुमार ने फायरिंग की घटना से इनकार किया है। जबकि वार्ड पार्षद चुन्नू शर्मा ने पुलिस द्वारा फायरिंग करने की बात कही है।
पूरे घटनाक्रम पर एएलटीएफ प्रभारी ने कहा कि पल्ला गांव की राजकुमारी देवी 10 दिन पहले ही शराब मामले में जेल से छूट कर आई है। उसके द्वारा फिर से शराब बनाने की खबर पर टीम उसकी गिरफ्तारी के लिए आई थी। उसे बचाने के लिए लोगों ने टीम पर पथराव शुरू कर दिया, जिसमें महिला सिपाही गुड़िया कुमारी, पुलिसकर्मी राजनंदन प्रसाद समेत आधा दर्जन जवान घायल हो गए। तब पुलिस ने बल प्रयोग कर भीड़ को किसी तरह नियंत्रित किया।
जाम लगने की सूचना पाकर मखदुमपुर पुलिस और नगर पंचायत के वार्ड सदस्य रितेश कुमार चुन्नू शर्मा पहुंचे। काफी समझाने के बाद लोग माने और करीब आधे घंटे बाद सड़क जाम समाप्त हुआ। तब तक सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लाइन लग गई थी।
उत्पाद अधीक्षक नित्यानंद राय ने कहा कि कोई फायरिंग नहीं की गई है। शराब कारोबारी राजकुमारी देवी को गिरफ्तार कर लिया गया है। टीम पर हमला करनेवालों की पहचान करके कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

