मरीजों के लिए डॉक्टर से बढ़कर पिता-भाई जैसा सहारा बने: डॉ. चंद्रशेखर प्रसाद
रांची: राजधानी रांची से सटे इरबा स्थित अब्दुल रज़ाक अंसारी कैंसर अस्पताल में मरीजों के इलाज के साथ उनके मनोबल को मजबूत करने की पहल भी देखने को मिलती है। यहां कार्यरत डॉ. चंद्रशेखर प्रसाद अपने मरीजों के साथ चिकित्सक के साथ-साथ परिवार के सदस्य जैसा व्यवहार करते हैं।
डॉ. चंद्रशेखर प्रसाद का मानना है कि गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए दवाइयों और उपचार के साथ सकारात्मक माहौल और मानसिक मजबूती भी बेहद जरूरी है। यही वजह है कि वे इलाज शुरू करने से पहले मरीजों से सहज बातचीत करते हैं, उन्हें हंसाने का प्रयास करते हैं और बीमारी से लड़ने के लिए उनका हौसला बढ़ाते हैं।
अस्पताल में इलाज करा रहे मरीजों का कहना है कि डॉ. चंद्रशेखर प्रसाद का व्यवहार उन्हें काफी आत्मविश्वास देता है। मरीजों के अनुसार, डॉक्टर सिर्फ बीमारी का इलाज नहीं करते, बल्कि पिता और भाई की तरह अपनापन दिखाते हुए उनका ढाढ़स भी बढ़ाते हैं।
मरीजों के प्रति डॉ. चंद्रशेखर प्रसाद के इस मानवीय व्यवहार की अस्पताल के मरीजों और परिजनों के साथ-साथ अस्पताल प्रबंधन द्वारा भी सराहना की जा रही है। उनका कहना है कि डॉक्टर का संवेदनशील और सहयोगी व्यवहार मरीजों के लिए उपचार के कठिन दौर को आसान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों के बीच चिकित्सकीय उपचार के साथ मानवीय संवेदना और सकारात्मक सोच का यह प्रयास लोगों के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण बन रहा है।




