भारत का संविधान हमारे अधिकारों, कर्तव्यों और लोकतांत्रिक मूल्यों का आधारस्तंभ: डीसी
खूंटी : संविधान दिवस के अवसर पर बुधवार को समाहरणालय परिसर में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उपायुक्त आर० रॉनिटा के नेतृत्व में सभी पदाधिकारियों एवं कर्मियों द्वारा भारतीय संविधान की प्रस्तावना को सामूहिक रूप से पढ़कर संविधान के प्रति निष्ठा, प्रतिबद्धता और लोकतांत्रिक मूल्यों को पुनः स्मरण किया गया।
उपस्थित पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने संविधान की मूल भावना के प्रति अपने अटूट विश्वास और निष्ठा को दोहराते हुए यह संकल्प लिया कि वे संविधान द्वारा प्रदत्त कर्तव्यों और नैतिक दायित्वों का पूर्णतः निर्वहन करेंगे।
उपायुक्त आर० रॉनिटा ने अपने संबोधन में संविधान की महत्ता पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय संविधान हमारे लोकतंत्र की नींव है, जो प्रत्येक नागरिक को समानता, स्वतंत्रता, न्याय और बंधुत्व का अधिकार देता है। उन्होंने कहा कि- हमारे दैनिक कार्यों, नीतिगत निर्णयों और सरकारी दायित्वों के केंद्र में संविधान के आदर्श होने चाहिए। एक जिम्मेदार अधिकारी तथा नागरिक होने के नाते संविधान के प्रति सम्मान और इसके सिद्धांतों का पालन करना हमारी मूल जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी कर्मियों से अपील किया कि वे अपनी सेवाओं के प्रति सदैव समर्पित रहें।
उल्लेखनीय है कि संविधान दिवस के अवसर पर जिले एवं प्रखंडों के सभी सरकारी कार्यालयों में एक साथ संविधान प्रस्तावना पढ़ा गया, जिससे सरकारी कर्मियों में संवैधानिक जागरूकता तथा जिम्मेदारी की भावना को और सशक्त किया जा सके।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त आलोक कुमार, परियोजना निदेशक आईटीडीए आलोक शिकारी कच्छप, अपर समाहर्ता परमेश्वर मुण्डा, जिला पंचायतीराज पदाधिकारी डॉ. शिशिर कुमार सिंह, डीसीएलआर अरविंद कुमार, सिविल सर्जन डॉ नागेश्वर मांझी सहित सभी विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।



