16वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर राज्य स्तरीय कार्यक्रम, राज्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा—मतदाता ही लोकतंत्र का आधार
गणादेश रांची: 16वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर रविवार को आर्यभट्ट सभागार, रांची में राज्य स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर राज्य निर्वाचन आयुक्त अलका तिवारी ने राज्यवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मतदाता लोकतंत्र की नींव है और लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाताओं का जागरूक, जानकार और सतर्क होना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि 25 जनवरी 1950 को भारत निर्वाचन आयोग की स्थापना हुई थी और वर्ष 2011 से इस दिन को राष्ट्रीय मतदाता दिवस के रूप में मनाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष राष्ट्रीय मतदाता दिवस की थीम “My India My Vote” और टैगलाइन “Indian Citizen at the Heart of Indian Democracy” निर्धारित की गई है। मतदाता बिना भय, प्रलोभन और भेदभाव के अपने मताधिकार का प्रयोग करें, यही निर्वाचन आयोग का उद्देश्य है। मतदाता पंजीकरण एक सतत प्रक्रिया है, जिसके लिए चार अर्हता तिथियां—1 जनवरी, 1 अप्रैल, 1 जुलाई और 1 अक्टूबर निर्धारित हैं। 18 वर्ष पूर्ण करने वाले योग्य नागरिक आसानी से मतदाता सूची में अपना नाम जुड़वा सकते हैं।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने कहा कि मतदाता सूची में नाम होना लोकतंत्र में भागीदारी के लिए आवश्यक है। उन्होंने बताया कि झारखण्ड में मतदाता सूची का गहन पुनरीक्षण कार्य चल रहा है। इस अवसर पर विभिन्न वर्गों के मतदाताओं और निर्वाचन कार्य में उत्कृष्ट योगदान देने वाले अधिकारियों को सम्मानित किया गया।



