108 एंबुलेंस कर्मियों की समस्याओं पर उच्चस्तरीय बैठक, लापरवाही व अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
रांची: 108 एंबुलेंस सेवा से जुड़े कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर सोमवार को स्वास्थ्य विभाग, झारखंड सरकार के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के प्रबंध निदेशक शशि प्रकाश झा, एनएचएम के वरिष्ठ अधिकारी, झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ तथा भारतीय मजदूर संघ के प्रतिनिधि शामिल हुए।
बैठक में 108 एंबुलेंस सेवा में कार्यरत कर्मचारियों की सेवा शर्तों, लंबित मांगों एवं कार्यस्थल से जुड़ी समस्याओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। कर्मचारी संगठनों की ओर से यह गंभीर चिंता जताई गई कि 30 जुलाई 2025 को अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुए समझौते की शर्तों को अब तक लागू नहीं किया गया है। संगठन ने मांग की कि कर्मचारियों से जुड़े सभी निर्णयों को तत्काल प्रभाव से क्रियान्वित किया जाए।
इस पर अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने 108 एंबुलेंस सेवा के संचालन में एजेंसी द्वारा बरती जा रही लापरवाही एवं अनियमितताओं पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने एनएचएम के प्रबंध निदेशक को निर्देश दिया कि सेवा संचालन में पाई गई खामियों की गहन जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही पूर्व में सामने आए फर्जीवाड़े एवं अन्य गंभीर अनियमितताओं की जांच संगठन और संबंधित संस्था की उपस्थिति में कराने के निर्देश भी दिए गए।
अपर मुख्य सचिव ने स्पष्ट कहा कि आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं है और कर्मचारियों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सरकार की प्राथमिकता है।
बैठक में भारतीय मजदूर संघ, झारखंड प्रदेश के प्रदेश महामंत्री राजीव रंजन सिंह, प्रदेश संगठन मंत्री बृजेश कुमार, प्रदेश मंत्री रमाशंकर प्रसाद उपस्थित रहे। वहीं झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ की ओर से प्रदेश अध्यक्ष नीरज तिवारी, उपाध्यक्ष रविकांत देव सहित कई पदाधिकारी मौजूद थे।



