डीसी ने की भू-अर्जन से संबंधित मामलों की समीक्षात्मक बैठक
रांची: उपायुक्त राहुल कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में भू-अर्जन से संबंधित मामलों की समीक्षात्मक बैठक हुई। समाहरणालय स्थित उपायुक्त कार्यालय कक्ष में आयोजित बैठक में अपर समाहर्त्ता रांची, श्री राजेश बरवार, परियोजना निदेशक (पीआईयू) रांची एवं गुमला, उप प्रबंधक भारत माला परियोजना, सहायक एवं कनीय अभियंता एनएच डिवीजन, अंचल अधिकारी ओरमांझी, जिला भू-अर्जन कानूनगो एवं अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे। उपायुक्त श्री राहुल कुमार सिन्हा ने भू-अर्जन संबंधित मामलों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।
एनएच-33 गुमला-पलमा परियोजना की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने कहा कि शेष राशि भुगतान के लिए आयोजित कैंप के माध्यम से आवेदन प्राप्त करते हुए मुआवजा भुगतान सुनिश्चित करायें। साथ ही उपायुक्त द्वारा जिला भू-अर्जन कार्यालय के माध्यम से विभिन्न परियोजनाओं हेतु अधिग्रहित भूमि का नामांतरण करने के संबंध में भी निर्देश दिया गया। उन्होंने कहा कि भू-अर्जन के मामले में जितनी भूमि का अधिग्रहण किया गया है, उनके म्यूटेशन से संबंधित बैठक अगले सप्ताह आयोजित की जायेगी।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने एनएच-23 गुमला-पलमा परियोजना अंतर्गत छूटे हुए प्लॉट का 3D एवं 3G जल्द से जल्द घोषित कर रैयतों को भुगतान की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निदेश संबधित पदािधकारी को दिये।
एनएच-23 के पलमा-पिस्का सेक्शन में पतराचौली एवं अन्य स्थानों पर जहां निर्बाध काम कराने हेतु दंडाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की गई है, ताकि सड़क निर्माण कार्य में अवरोध उत्पन्न करनेवाले अवांछित तत्वों से निपटा जा सके। उपायुक्त ने इस कार्य में तेजी लाने के निदेश दिये।
उपायुक्त ने एनएच-33 एवं बाईपास रोड़ के कार्य में तेजी लाने का निर्देश परियोजना निदेशक को दिया गया। उन्होंने रैयतों को 15 दिनों के अंदर मुआवजा राशि भुगतान सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने बारीडीह आवासीय विद्यालय के भवन निर्माण हेतु मौजा जारिया में भूमि चिन्हित कर हस्तांतरण की कार्रवाई जल्द से जल्द करने हेतु संबंधित पदाधिकारी को निर्देश दिये।
भारत माला परियोजना अंतर्गत मुआवजा राशि भुगतान की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने शेष राशि (तापे मौजा को छोड़कर) का भुगतान अन्य ग्रामों में करने के निदेश दिये। उन्होंने भारत माला परियोजना की वस्तुस्थिति की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यकतानुसार दंडाधिकारी की तैनाती करने के निदेश दिये। नारो टिकरा टोली आरओबी की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने अधियाची विभाग को डीओपी देने के निर्देश दिये।

