जमालपुर कारखाना के सीडब्ल्यूएम होश में आओ.. सड़कों की मरम्मत करो
*जमालपुर विकास मंच के तत्वावधान में एक घंटे तक रेल कारखाना 6 नंबर गेट के बाहर धरना प्रदर्शन किया गया
रंजीत विधार्थी
मुंगेर : जमालपुर शहर में रेल प्रशासन की कुव्यवस्था एवं निष्क्रियता के कारण 6 नंबर गेट, सब्जी मार्केट के ऊपरी वाली सड़क, स्टेशन रोड, जुबली वेल के निकट, रेलवे बड़ी पुल, नेशनल इंस्टीट्यूट (सिनेमा हॉल) के मोड़ पर, अल्बर्ट रोड आदि मुख्य सड़कों पर जगह जगह दर्जनों बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जो आए दिन दुर्घटना को आमंत्रण दे रहे हैं इन गड्ढों में फंसकर प्रतिदिन साइकिल, मोटरसाइकिल, टोटो एवं पैदल चलने वाले यात्री घायल हो जाते हैं, इसके अलावा स्कूल जाने वाले अभिभावक भी अपने बच्चों के साथ कई बार दुर्घटनाग्रस्त हुए हैं। जमालपुर विकास मंच के संयोजक साईं शंकर के नेतृत्व में विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठन के लोग, युवाओं एवं स्थानीय लोगों ने मिलकर जमालपुर रेल कारखाना के गेट नंबर 6 के बाहर घंटों धरना प्रदर्शन कर मुख्य कारखाना प्रबंधक सुदर्शन विजय का पुतला दहन किया तथ रेल प्रशासन के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की। कमीशनखोर भ्रष्ट सीडब्ल्यूएम होश में आओ…, जमालपुर शहर को नरक बनाना बंद करो… रेल क्षेत्र में विद्यमान सभी सड़कों को मरम्मत करना होगा…, सुदर्शन विजय शर्म करो शर्म करो…,सीडब्ल्यूएम की तानाशाही नहीं चलेगी…, भ्रष्ट पदाधिकारी एसी कमरे में मस्त हैं और आम जनता गड्ढे युक्त सड़कों में अस्त व्यस्त हैं…, आदि नारे लगाए।
जुलूस धर्मशाला रोड से निकलकर बराट चौक, सदर बाजार रोड, सदर फाड़ी, जनता मोड़, भारत माता चौक, होते हुए रेल कारखाना के गेट नंबर 06 के बाहर पहुंची। इस कार्यक्रम को विभिन्न राजनीतिक संगठन के अलावा वार्ड पार्षद संघर्ष मंच, अन्य व्यवसायिक एवं युवा संगठनों ने भी अपना समर्थन दिया है। वार्ड पार्षद संघर्ष मंच के संरक्षक सनम कुमार उर्फ बबलू पासवान, सुदेश मंडल एवं राकेश तिवारी ने संयुक्त रूप से कहा कि जल्द ही इसे एक बड़े जन आंदोलन के रूप का आकार दिया जाएगा, तभी यह बहरा भ्रष्ट कमीशन खोर सीडब्ल्यूएम सुनेगा।
धरना कार्यक्रम में उपस्थित कॉमरेड मुरारी प्रसाद, पूर्व वार्ड पार्षद रामवृक्ष ताँती, सिद्धेश्वर नाथ विश्वकर्मा, विजय दास एवं कमलेश्वरी मंडल ने संयुक्त रूप से कहा कि रेलवे क्षेत्राधिकार में पड़ने वाले सड़कों को अगर अति शीघ्र मरम्मत का कार्य नहीं शुरू किया जाता है तो जल्दी आम जनता के साथ मिलकर भविष्य में रेल चक्का जाम किया जाएगा.
जैसा कि ज्ञात हो कि रेलवे लाइन के पश्चिम की तरफ शहर की 75 फिसदीआबादी है और रेलवे लाइन के पूरब की तरफ नोट्रेडम एकेडमी, केंद्रीय विद्यालय, पाठ भवन आदि महत्वपूर्ण शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ने वाले बच्चों के अभिभावक प्रतिदिन रेलवे के सड़कों का उपयोग कर रेलवे बड़ी पुल होते हुए ही बच्चों को स्कूल पहुंचाने और लाने जाते हैं, इसके अलावा रेलवे के पदाधिकारी एवं कर्मचारी, प्रखंड एवं अंचल कार्यालय में कार्यरत कर्मचारी, टीए कैंप के ऑफिसर एवं जवान के अलावा डीआईजी भी अपने आवास जाने के लिए इसी मार्गों का उपयोग करते हैं, लेकिन स्थानीय लोगों के द्वारा पूर्व में दिए गए आवेदनों पर भी रेल प्रशासन ने कभी संज्ञान नहीं लिया और ना ही सड़कों में वर्तमान में इन सभी बड़े- बड़े गड्ढे का मरम्मत किया गया।
मौके पर विनायक सावरकर, धीरज जालान, चंदन कुमार मंडल, गोपाल कुमार उर्फ यशराज, मयंक राज उर्फ छोटू डॉन, राजेश चौधरी, संजय कुमार ,राहुल कुमार, अनिकेत कुमार आदि दर्जनों युवा उपस्थित थे।

