झारखण्ड में राजनीतिक संकट के लिए भाजपा जिम्मेवार : सुप्रियो
रांची : झारखण्ड मुक्ति मोर्चा के महासचिव सह प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने झारखण्ड की वर्तमान राजनीति हालात पर कहा-लंबे समय से एक बादल का निर्माण हुआ है जो न तो बरसता है और न ही अपने स्थान से हट रहा है. भाजपा झारखण्ड में राजनीतिक सस्पेंस पैदा कर दी है.मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के ऑफिस ऑफ़ प्रॉफ़िट मामले पर चुनाव आयोग और राजभवन स्थिति स्पष्ट नहीं कर रहा है.जबकि झामुमो ने इस मामले को लेकर राजयपाल से मुलाकात कर स्थिति स्पष्ट करने का आग्रह किया था. राजयपाल ने एक दो दिन के अंदर स्थिति साफ़ करने का भरोसा दिया था.लेकिन आज 15 दिन बीत जाने के बाद भी राजयपाल और चुनाव आयोग से इसपर कोई पत्र नहीं आया है.इससे एक भ्रम की स्थिति पैदा हो गई है. श्री भट्टाचार्य ने कहा कि एक दिन पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी राजयपाल से मुलाकात कर स्थिति स्पष्ट करने का आग्रह किया था. लेकिन अबतक कुछ नहीं हुआ है. सीएम दिल्ली गए हुए हैं। प्रदेश में भाजपा तरह तरह के अफवाह फैला रही है. उन्होंने कहा कि एक दिन पहले सीएम हेमंत सोरेन ने ऐतिहासिक फैसला लिया है। 22 साल बाद झारखण्ड की जनता को अपनी पहचान मिली है. पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण कैबिनेट में पास किया है. 1932 के खतियान के आधार पर स्थानीय नीति बनाने का फैसला लिया गया है.इस फैसले से भाजपा के पेट में दर्द होने लगा है.उन्होंने कहा कि भाजपा-आजसू ने पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण पास नहीं करा पाई. साथ ही स्थानीय नीति भी बनाने में विफल रही. उन्होंने भाजपा को मिर्जापुर और आजसू को जयचंद करारा दिया.
भट्टाचार्य ने कहा कि मुख्यमंत्री के ऑफिस ऑफ़ प्रॉफिट मामले पर चुनाव आयोग से जो भी निर्णय देना है जल्दी देना चाहिए। झामुमो हर परिस्थितियों से लड़ने के लिए तैयार है।

