कांग्रेस विधायकों का विरोध के कारण बैद्यनाथ राम ने नहीं लिया मंत्री पद की शपथ, चंपाई सोरेन मंत्रिमंडल में भी 12 वें मंत्री का पद रहा खाली
रांची: चंपाई सोरेन मंत्रिमंडल में भी 12 वें मंत्री का पद खाली रह गया। जबकि 12 वें मंत्री के रूप में लातेहार से झामुमो विधायक बैद्यनाथ राम को मंत्री के लिए राजभवन से वारंट जारी किया गया था। लेकिन अंतिम समय में उनका मंत्री पद से नाम हटा दिया गया। इसका मुख्य कारण कांग्रेस विधायकों का विरोध प्रदर्शन रहा। कांग्रेस विधायक राजकीय अतिथिशाला में एकत्रित होकर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। साथ ही शपथ ग्रहण समारोह का बहिष्कार करने की घोषणा कर दिया था। कांग्रेस विधायकों का कहना था कि 12वें मंत्री पद कांग्रेस के कोटे में होना चाहिए।कांग्रेस प्रभारी को जब यह सूचना मिली तो पहले नाराज विधायकों को समझाने का प्रयास किया गया। नहीं मानने पर उन्होंने सीएम चंपाई सोरेन से बात की। जिसके बाद आनन फानन में 12 वें मंत्री के लिए बैद्यनाथ राम का नाम सूची से हटा लिया गया। बताया जा रहा है कि विवाद के कारण कुछ दिन के लिए इसे टाल दिया गया है। वहीं मंत्री बनने के लिए अपने परिजन और समर्थकों के साथ राजभवन पहुंचे लातेहार विधायक बैद्यनाथ राम को जैसे ही मंत्री पद की सूची से नाम हटने की सूचना पर उनके चेहरे पर उदासी देखी गई। साथ ही लातेहार विधानसभा क्षेत्र के झामुमो समर्थकों में काफी उदासी देखी गई। लातेहार झामुमो जिला अध्यक्ष मोतीलाल नाथ शहदेव ने कहा कि यह फैसला बहुत ही गलत हुआ है। जब मंत्री नहीं बनना था तो राजभवन से विधायक बैद्यनाथ राम का नाम क्यों जारी किया गया। उन्होंने कहा कि हम लोगों को जैसे ही विधायक बैद्यनाथ राम के मंत्री बनने की सूचना मिली तो खुशी हुई थी।लेकिन अचानक उनको मंत्री नहीं बनाने से मन में उदासी हुई है। उन्होंने कहा कि चंपाई सोरेन मंत्रिमंडल में एक भी दलित कोटे से मंत्री नहीं बनाया गया। यह अति पिछड़ी जाति के साथ अपमान हुआ है।

