15–20 दिनों का सरकार का आश्वासन हुआ समाप्त, 108 एम्बुलेंस कर्मचारियों का दूसरे दिन भी आंदोलन जारी
रांची: झारखण्ड प्रदेश एम्बुलेंस कर्मचारी संघ, झारखण्ड के आह्वान पर राज्यभर के 108 आपातकालीन एम्बुलेंस कर्मचारियों का चरणबद्ध आंदोलन आज दूसरे दिन भी जारी रहा । राज्य के विभिन्न जिलों में 108 एम्बुलेंस कर्मचारियों ने काला बिल्ला लगाकर अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से अपनी लंबित मांगों के समर्थन में विरोध दर्ज कराया ।
संघ के प्रदेश महामंत्री सूरज साहू ने कहा कि 16 सितंबर 2026 को माननीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए 15–20 दिनों के भीतर सकारात्मक एवं ठोस कार्रवाई का आश्वासन दिया गया था । निर्धारित समय-सीमा समाप्त हो चुकी है, लेकिन अब तक कर्मचारियों की मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से पूरे राज्य के 108 एम्बुलेंस कर्मचारियों में भारी आक्रोश एवं असंतोष व्याप्त है ।
उन्होंने कहा कि 108 एम्बुलेंस कर्मचारी दिन-रात अपनी जान की परवाह किए बिना गंभीर मरीजों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों एवं अन्य जरूरतमंद लोगों तक आपातकालीन चिकित्सा सेवा पहुँचाने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। इसके बावजूद कर्मचारियों के वेतन, रोजगार सुरक्षा एवं वैधानिक अधिकारों से जुड़े मामलों का लंबे समय से समाधान नहीं होना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
संघ की प्रमुख मांगें
108 एम्बुलेंस सेवा का सरकारी स्तर पर संचालन प्रारंभ कर कर्मचारियों के वेतन का भुगतान सिविल सर्जन के माध्यम से सुनिश्चित किया जाए।
सम्मान फाउंडेशन द्वारा सेवा से हटाए गए कर्मचारियों को संबंधित जिले में पुनः बहाल किया जाए।
सभी कर्मचारियों को EPF, ESI, ओवरटाइम, ग्रेच्युटी, न्यूनतम वेतन सहित सभी श्रमिक एवं वैधानिक अधिकार सुनिश्चित किए जाएं।
प्रदेश महामंत्री सूरज साहू ने स्पष्ट रूप से कहा—
“इस बार केवल आश्वासनों के आधार पर आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा। कर्मचारियों की समस्याओं का समयबद्ध एवं ठोस समाधान सरकार को सुनिश्चित करना होगा । जब तक कर्मचारियों की न्यायसंगत मांगों एवं वैधानिक अधिकारों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन लोकतांत्रिक, शांतिपूर्ण एवं अनुशासित तरीके से जारी रहेगा ।”
चरणबद्ध आंदोलन का कार्यक्रम
- 06 से 09 अक्टूबर 2026: राज्यभर के सभी 108 एम्बुलेंस कर्मचारी काला बिल्ला लगाकर कार्य करते हुए विरोध दर्ज कराएंगे।
- 09 अक्टूबर 2026 | शाम 04:00 से 07:00 बजे: सभी जिलों में सिविल सर्जन कार्यालय से उपायुक्त (DC) कार्यालय तक कैंडल मार्च।
- 12 अक्टूबर 2026 | सुबह 10:00 से शाम 04:00 बजे: सभी जिलों में सिविल सर्जन कार्यालय के समक्ष भिक्षाटन कार्यक्रम।
- 14 अक्टूबर 2026 | सुबह 10:00 से शाम 04:00 बजे: सिविल सर्जन कार्यालय से उपायुक्त कार्यालय तक धरना-प्रदर्शन।
- 16 अक्टूबर 2026 | सुबह 10:00 से शाम 04:00 बजे: राज्यव्यापी एक दिवसीय पूर्ण हड़ताल एवं NHM कार्यालय, नामकुम, राँची के समक्ष महाधरना।
- 21 अक्टूबर 2026 से: यदि मांगों का समाधान नहीं हुआ तो पूरे राज्य में अनिश्चितकालीन हड़ताल एवं चरणबद्ध आंदोलन के अगले चरण की शुरुआत की जाएगी।
संघ ने स्पष्ट किया कि आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक, शांतिपूर्ण एवं अनुशासित तरीके से चलाया जा रहा है। कर्मचारियों का उद्देश्य आपातकालीन सेवा को बाधित करना नहीं, बल्कि अपनी न्यायसंगत मांगों एवं वैधानिक अधिकारों के लिए सरकार का ध्यान आकर्षित करना है ।
संघ ने झारखण्ड सरकार एवं संबंधित विभाग से मांग की है कि 108 एम्बुलेंस कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए तत्काल वार्ता कर ठोस एवं समयबद्ध निर्णय लिया जाए, ताकि कर्मचारियों में बढ़ते असंतोष का समाधान हो सके।


