हेमंत सरकार ने हासिल किया विश्वास मत, सरकार के पक्ष में पड़े 48 वोट, बीजेपी का सदन से वॉकआउट
रांचीः झारखंड विधानसभा में सोमवार को बुलाए गए एक दिनी सत्र में हेमंत सरकार ने विश्वास मत हासिल कर लिया है। सत्ता पक्ष में 48 वोट पड़े। इस बीच बीजेपी ने वॉक आउट किया। सीएम हेमंत सोरेन ने विश्वास प्रस्ताव रखते हुए कहा कि विपक्ष इस प्रस्ताव को पूरा सुनें। मैदान छोड़कर बाहर न जाएं। मैं आंदोलनकारी का बेटा हूं। इनसे डरने वाला नहीं हूं। न डरा हूं और ना ही किसी को डराऊंगा। राज्य की सवा तीन करोड़ जनता में आप भी शामिल हैं. जब भी मैं सवा तीन करोड़ जनता की बात करता हूं तो आप भी उसमें शामिल होते हैं.
सीएम ने बीजेपी पर जमकर साधा निशाना
सदन में सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि विपक्ष ने तंत्र को खत्म कर दिया है सिर्फ लोक बचा है। लोकतंत्र को बचाना हमारी सरकार की प्राथमिकता है। बीजेपी देश के आधे राज्यों में गृह युद्ध की स्थिति बना रही है। कपड़ा, सब्जी और राशन को खरीदना सुना था, बीजेपी विधायक खरीद रही है।
अगली बार जमानत भी बचा लें तो बड़ी बात
सीएम ने कहा कि भाजपा ने एक सर्वे भी करा लिया है कि 2024 में इनका सूपड़ा साफ होने वाला है। इसलिए ये सरकार को येन-केन तरीके से सरकार को अस्थिर करना चाहते हैं। आज हमारे तीन सदस्य बंगाल में हैं। इन विधायकों के खरीद-फरोख्त करने का आरोप असम के मुख्यमंत्री हेमंत विश्व सरमा को जाता है। इस राज्य की पुलिस को ये जांच में मदद तक नहीं करते हैं। इनकी जो शाखाएं हैं, इन शाखाओं में आदिवासी दलित को कैसे बेवकूफ बनाया जाता है, इसकी ट्रेनिंग दी जाती है। बाबूलाल पर निशाना साधते हुए कहा कि गिरगिट भी इतनी तेजी से रंग नहीं बदलता। सीएम ने बीजेपी पर फिर निशाना साधते हुए कहा कि इनका चेहरा इतना भयावह, डरावना, क्रूर है कि इनको पहचाना नहीं जा सकता। लेकिन सत्ता पक्ष इनको पहचानता है। अगली बार ये जमानत भी बचा लें तो बड़ी बात है। इनको करना धरना कुछ नहीं है। ये सामंतवादी है। इनकी वजह से देश में आदिवासी, दलित पिछड़ा आगे बढ़ नहीं पाया।
आदिवासी सीएम की सत्ता छीनने की कोशिश कर रहे
सीएम ने कहा कि आदिवासी महिला को राष्ट्रपति बनाकर आदिवासी सीएम की सत्ता छीनने की कोशिश कर रहे हैं। मुंह में राम बगल में छुरी है। इनको सुखाड़ की चिंता नहीं है। हम इस पर चर्चा के लिए भी तैयार हैं। मुख्यमंत्री पर क्या आरोप लगे हैं, इसका जवाब देने के लिए सत्ता पक्ष भी तैयार है। आग लगाकर राज्य का विकास नहीं हो सकता। खरीज बिक्री और पैसे की ताकत न दिखाएं। जो भी हथियार चलाना है, सामने से चलाएं, पीठ पीछे से नहीं
25 अगस्त से सरकार के खिलाफ रची जा रही है साजिश
सीएम हेमंत ने कहा कि 25 अगस्त से सरकार के खिलाफ साजिश रची जा रही है. कहा जा रहा है कि निर्वाचन आयोग की तरफ से सदस्यता रद्द कर दी गयी है. लेकिन आज तक लिफाफा नहीं खुला. बीजेपी चाहती है कि डरा कर विधायकों को खरीद लिया जाए. इसलिए आज बीजेपी देख लें कि सदन के अंदर हम कितने मजबूत हैं.
बीजेपी ने झंडा बेचने का भी काम किया
सीएम ने कहा कि आज विश्वास मत को लेकर चर्चा हो रही है. लोग कह रहे हैं कि अगर सरकार के पास बहुमत है तो विश्वास मत की क्या जरूरत है. जरूरत इसलिए कि हमारी यूपीए की सरकार 2019 से लेकर आजतक कोरोना का मुंह तोड़ जवाब दिया. झारखंड को जिस तरीके से सरकार ने संभाला है, वो सौभाग्य की बात है. अगर यूपीए की सरकार ना होती तो पता नहीं गरीब, दलित आदिवासियों का क्या होता है. क्योंकि ये बोलते हैं कि हवाई चप्पल वाले को हवाई जहाज पर चढ़ंगे और लाकर सड़क पर छोड़ दिया गया. देश में 75 वीं वर्षगांठ मनाया जा रहा है. स़डकों पर भी झंड़ा लगाने का काम हुआ. बीजेपी ने तो झंडा बेचने का भी काम किया. बीजेपी वालों ने कोई कसर नहीं छोड़ा है. लोकतंत्र को बेचने का लगातार 2014 से प्रयास हो रहा है.
1932 का खतियान लागू करने की तैयारी में सरकार
सीएम ने कहा कि झारखंड सरकार राज्य में 1932 का खतियान लागू करने की तैयारी में हैं। उन्होंने सदन नें कहा कि1932 का खतियान और ओबीसी के मामले में जल्द सरकार आगे बढ़ने वाली है। 1985 की स्थानीयता इन्होंने परिभाषित की। जब 85 की स्थानीयता घोषित हुई तो ताली बजाकर कह रहे थे कि 85 का ही खतियान बेस्ट है। इस सत्र के माध्यम से ये एहसास कराना चाहते हैं कि अब चोरी-डकैती, डराने धमकाने से काम नहीं चलेगा। खरीद-बिक्री की ताकत नहीं चलेगी। विधानसभा तो बाद में लोकसभा में ही इसका परिणाम मिल जाएगा।
आज इनके समरी लाल क्या हैं
सदस्यता पर सीएम ने कहा कि हमारी सदस्यता पर हाय-तौबा मची हुई है। आज इनके समरी लाल का क्या है। कांके विधायक की अनुशंसा ईसी को भेजा हुई है। विपक्ष में दो-तीन तो बिकाऊ विधायक बैठा है। 25 अगस्त से इस राज्य में ऐसा वातावरण तैयार किया जाता है इलेक्शन कमीशन और राज्यपाल के द्वारा। ईसी कहता है हमने अपना मंतव्य दे दिया है। राज्यपाल चुप हो जाते हैं। मालूम नहीं। यूपीए के प्रतिनिधमंडल से वे स्वीकार करते हैं कि चिट्ठी मिली है। तीन दिन में पटाक्षेप करेंगे। वे राजभवन के पिछले दरवाजे से निकल कर दिल्ली में बैठे हैं। जबकि कानून कहता है कि ईसी के परामर्श को सरकार से अवगत कराना है। ये राज्य में अस्थिरता की स्थिति बनाए हैं। इसी वजह से ये सत्र लाया गया है कि देख लो सदन में हम कितने मजबूत हैं। सदन के बाहर कितने मजबूत हैं। आज इस सरकार को हर तरह से बदनाम करने का षड्यंत्र रचा जा रहा है। आज के दिन भी जो आजादी के पहले की मनुवादी की सोच रही है उसको बढ़ावाा दिया जा रहा है। जहां हम लोकतंत्र और संविधान की कसम खाते हैं। ये वहीं पर हिंदू-मुस्लिम का नारा लगाकर देश को बांटने की कोशिश कर रहे हैं
मुस्लिम तुष्टिकरण में सरकार जुटी है- नीलकंठ सिंह
बीजेपी के विधायक नीलकंठ सिंह मुंडा ने कहा- ना ही कोर्ट की ओर से, ना ही राज्यपाल ने बहुमत साबित करने को कहा, फिर सरकार विश्वासमत क्यों लाना चाहती है। बीते दिनों से सीएम विधायकों को लेकर जिस तरह से घूम रहे हैं। उससे लगता है कि उन्हें अपने ही विधायकों पर भरोसा नहीं है। सरकार मुस्लिम तुष्टिकरण में लगी है। राज्य की बेटियों पर अत्याचार हो रहा है, लेकिन सरकार को कोई फर्क नहीं पड़ता है। झारखंड प्रदेश के लोग देख रहे है कि हेमंत सरकार कितनी मजबूत है. कभी रायपुर, कभी सर्किट हाउस, तो कभी खूंटी लतरातू डैम. एक माह के लिए 2 करोड़ रुपये के खर्च पर हवाई जहाज को किराया पर लिया गया, तो विधायक व मंत्री घुमते जाते रहे
सीपी सिंह ने सीएम के व्यवहार पर जताई आपत्ति
बीजेपी विधायक सीपी सिंह सदन में सीएम के व्यवहार पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि सीएम ने सदन में प्रवेश के साथ ही बीजेपी पर हमला बोल दिया। साथ ही कहा कि मैं खुद भी स्पीकर रह चुका हूं, ऐसे में कोई विधानसभा अध्यक्ष गलत करेंगे तो मैं चुप नहीं बैठूंगा।
प्रदीप यादव ने भाजपा पर साधा निशाना
विधायक प्रदीप यादव ने बाबूलाल मरांडी पर निशाना साधा कहा। जिस तरह 2014 में जिस तरह बीजेपी ने आठ विधायकों को खरीदा। इलके सबूत के रूप में बाबूलाल के पत्र भी हैं मेरे पास। किस तरह से विधायकों को खरीदा। बाबूलाल ने भी कहा था भाजपा सत्ता के लिए कुछ भी कर सकती है। चोर मचाए शोर, इनकी चोरी पकड़ी गई है।
1932 के खतियान की उठी मांग
झामुमो विधायक सुदिव्य ने कहा 1932 के खतियान को आधार बनाकर स्थानीयता लागू की जाए। 32 की आग को जो छूएगा जलकर राख हो जाएगा। झारखंडियों की एक ही पहचान 1932 की खतियान। 1985 की स्थानीयता बनाकर ये लोग झारखंडियों और बाहरियों को एक साथ खड़ा कर दिया। झारखंडी नौजवान आज चाहता है कि स्थानीयता का कट ऑफ मार्क 1932 लागू हो। सीएनटी-एसपीटी और विल्किंसन एक्ट देकर हमारे अधिकार को सुरक्षित रखा गया है। सीएनटी-एसपीटी एक्ट के बावजूद झारखंडियों की जमीनों को बेचा गया। 21 सालों में इनलोगों ने झारखंड की डेमोग्राफी को बदल दिया।
नियोजन नीति से युवाओं को नुकसान
माले विधायक बिनोद सिंह ने अपनी ही सरकार पर हमला किया। स्थानीय नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि आपने जो नियोजन नीति बनाई है, उससे यहां के युवाओं को ही नुकसान हो रहा है। इसे सही करें।
हमने ओल्ड पेंशन स्कीम लागू की
कांग्रेस विधायक दीपिका पांडेय ने कहा झारखंड सरकार में अस्थिरता पैदा करने वाले असमंजस में हैं। महामहिम हफ्ते भर से दिल्ली में क्या कर रहे हैं। आज वापसी हो रही है तो आगे क्या होगा। केंद्र और राज्य के भाजपा के नेता हैं वो राजनीति षडयंत्र करने में व्यस्त हैं। हमारी सरकार ने ओल्ड पेंशन स्कीम को लागू करने का काम किया। 1.5 लाख कर्मचारियों के हितों की रक्षा की।

