भोगनाडीह पहुंचे सीएम चंपाई सोरेन और पूर्व सीएम हेमंत सोरेन,शहीदों को किया नमन किया
बरहेट: हूल दिवस पर सीएम चंपई सोरेन और पूर्व सीएम हेमंत सोरेन रविवार को भोगनाडीह पहुंचे।अमर वीर शहीद सिदो- कान्हू की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर नमन किया।
मौके मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने कहा कि झारखंड वीरों और शहीदों की धरती है। इस प्रदेश के कोने-कोने से अनेकों महानायक निकले हैं, जिन्होंने अन्याय -शोषण तथा गुलामी को स्वीकार नहीं किया। उन्होंने अपनी भाषा, संस्कृति, परंपरा, सभ्यता और जल, जंगल, जमीन बचाए रखने के लिए लम्बा संघर्ष किया। ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ उलगुलान कर अंग्रेजों की जड़े हिला दी। अपने संकल्प पर अडिग रहते हुए शहीद हो गए। इन पूर्वजों के बलिदान का परिणाम है कि आज आदिवासी-मूलवासी सुरक्षित हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साढ़े चार वर्षों में झारखंड में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है । हमारी सरकार की नीतियों कार्यक्रमों और योजनाओं से राज्य विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। हमारी योजनाएं घर-घर तक पहुंच रही हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपकी योजना आपकी सरकार आपके द्वारा अभियान के दौरान लाखों आवेदन हमें मिले इन आवेदनों के माध्यम से हमें जनता की विभिन्न समस्याओं की पूरी गहराई से जानकारी मिली। लोगों की समस्याओं के आधार पर ही हम योजनाओं को बना रहे हैं, ताकि इसका लाभ हर किसी को मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड तभी आगे बढ़ेगा, जब यहां की आर्थिक सामाजिक और शैक्षणिक व्यवस्था मजबूत होगी। इसी सोच के साथ हमारी सरकार कार्य कर रही है। आदिवासियों मूलवासियों, गरीबों, मजदूरों, दलितों, पिछड़ो और अल्पसंख्यकों को सशक्त बना रहें हैं। अपनी इन व्यवस्थाओं को मजबूत कर ही हम राज्य को नई दिशा और दशा दे सकते हैं।
इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने राज्यवासियों को हूल दिवस की बधाई दी । कहा-हम वर्षों से हूल दिवस मनाते चले आ रहे हैं । आज इस अवसर पर संकल्प लेकर राज्य के विकास में जो भी चुनौतियां सामने आएगी उसका मुकाबला पूरी ताकत के साथ किया जाएगा। हमें अपने हक और अधिकार को हर हाल में लेना है और इसके खिलाफ साजिश रचनेवालों को जवाब देना है। हमें जल- जंगल और जमीन को हर हाल में बचाना है, क्योंकि इसी की खातिर हमारे पूर्वजों ने बलिदान दी थी। हम अपनी अस्मिता और पहचान को किसी कीमत पर मिटने नहीं देंगे। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले चार वर्षों में हमने झारखंड में बदलाव लाने का काम किया है। अब सरकार हेडक्वार्टर से नहीं बल्कि गांव से चलती है। हमारी योजनाएं धरातल पर उतरती है जिसका लाभ समाज का अंतिम पंक्ति का व्यक्ति भी उठा रहा है। युवाओं को रोजगार देने के क्षेत्र में भी सरकार कई कदम उठाए हैं। झारखंड की संपदा में पहला हक झारखंड वासियों का है। इसी सोच के साथ राज्य सरकार आगे बढ़ रही है।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर 29026.745 लाख रुपए की कुल 396 योजनाओं का उद्घाटन – शिलान्यास किया इसमें 11284.854
लाख रुपए की 165 योजनाओं का उद्घाटन और 17741.731 लाख रुपए की 231 योजनाओं की आधारशिला रखी। इस मौके पर उन्होंने कुल 37212 लाभुकों के बीच 9289.745 लाख रुपए की परिसंपत्तियां बांटी।
इस अवसर पर मंत्री बसंत सोरेन, सांसद विजय कुमार हांसदा, विधायक स्टीफन मरांडी, विधायक श्रीमती दीपिका पाण्डेय सिंह , विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन,पूर्व मंत्री हेमलाल मुर्मू, जिला परिषद अध्यक्ष मोनिका किस्कू, आयुक्त संथाल परगना प्रमंडल श्री लालचंद डाडेल, पुलिस उप महानिरिक्षक संजीव कुमार और साहिबगंज जिले के उपायुक्त एवं पुलिस अधीक्षक समेत कई पदाधिकारी मौजूद थे।

